हिंदू नेता सुधीर सूरी कड़ी सुरक्षा के बीच रविवार दोपहर पंचतत्व में विलीन हो गए। भारी सुरक्षा के बीच टकसाली नेता के पार्थिव शरीर को उनके आवास स्थान से श्री दुर्ग्याणा शमशान घाट तक लाया गया। हर व्यक्ति की आंखें नम थी।
रास्ते में जगह-जगह सूरी के पार्थिव शरीर पर फूल बरसाए गए। इस दौरान हर तरफ सुधीर सूरी अमर रहे के नारे गूंजते रहे। सुधीर सूरी के पुत्र माणिक ने अपने पिता को मुखाग्नि दी। इस अवसर पर पंजाब के अलग-अलग हिंदू संगठनों के नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे।
इससे पहले पुलिस प्रशासन द्वारा हिंदू नेताओं को नजरबंद किए जाने के खिलाफ पीड़ित परिवार ने अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया था। परिवार और हिंदू नेताओं के दबाव के बाद पुलिस ने नजरबंद किए हिंदू नेताओं को अंतिम संस्कार में पहुंचने की इजाजत दे दी। श्री दुर्ग्याणा मंदिर शमशान घाट और इसके आस-पास के इलाके में भारी सुरक्षा बल तैनात रहे।
दोपहर करीब 2.15 बजे जैसे ही माणिक ने अपने पिता को मुखाग्नि दी, हर तरह सुधीर सूरी अमर रहे के नारे गूंज उठे। इस दौरान शहर में बड़ी संख्या में पुलिस बल रहा मुस्तैद। शहर के कई हिस्सों में पुलिस के अलावा कमांडो भी दिखाई दिए। चंडीगढ़ मुख्यालय से भी अधिकारी शहर में मौजूद रहे। सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी आने-जाने हर व्यक्ति पर नजर रखे रहे।
पुलिस ने संदीप सिंह के घर में दी दबिश
गुरुवार को गोपाल मंदिर के पास धरना दिए जाने के दौरान हिंदू नेता सुधीर सूरी की हत्या करने वाले संदीप सिंह उर्फ सैंडी के प्रताप नगर इलाका में स्थित घर में पुलिस ने दबिश दी। घर में ताला लगा हुआ था और परिवार के सभी सदस्य घर से गायब हो चुके थे। पुलिस ने ताले तोड़ कर अंदर जाकर घर की तलाशी ली। वहां से पुलिस ने कुछ इलेक्ट्रोनिक गैजेट व अब कुछ चीजें अपने कब्जे में ले लीं। बताया जा रहा है कि कब्जे में लिए गए सामान में पुलिस को हिंदू नेता की
हत्या से जुड़े कुछ साक्ष्य मिले हैं। पुलिस इनकी जांच करने में जुटी हुई है। हालांकि पुलिस की ओर से इसे लेकर कोई अधिकारिक पुष्टि नहीं की गई।