किरती किसान यूनियन और ग्रामीण मजदूर यूनियन की अध्यक्षता में किसानों-मजदूरों ने प्रदेश सरकार की ओर से सरकारी- निजी जायदाद नुकसान रोको कानून 2014 को राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के विरोध में बहरामपुर में राज्य सरकार का पुतला जलाया।
किरती किसान यूनियन के प्रदेश महासचिव सतबीर सिंह सुल्तानी ने कहा कि सरकारी नीतियों के कारण बहुराष्ट्रीय कंपनियां और कारपोरेट घराने देश के कीमती कुदरती स्रोत जल, वन, भूमि पर कब्जा कर रहे हैं। विरोध कर रहे किसानों-मजदूरों पर जबरदस्ती की जा रही है।
लोग महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और कर्जदारी में पिस रहे हैं। उन्होंने केंद्र में भाजपा और पंजाब में अकाली-भाजपा की सरकार की ओर से किए जा रहे विकास दावों को खोखला करार दिया। समूह नेताओं ने सरकार से मांग की कि पास किया यह कानून रद्द किया जाए।
मौके पर ग्रामीण मजदूर यूनियन के जिलाध्यक्ष राज कुमार, किरती किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष तरलोक सिंह, चन्नण सिंह, भजन सिंह, गुरदियाल सिंह, दलबीर सिंह, जरनैल सिंह, बालक राम, मा. प्रेम तथा जसबीर सिंह जस्सा उपस्थित थे।