किसान संघर्ष कमेटी पंजाब के नेतृत्व में रविवार को मजदूरों व महिलाओं ने बादल सरकार की लोक विरोधी नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन किया।
साथ ही श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी रोकने मे नाकाम रहने का आरोप लगाया और गांव की गलियों में रोष मार्च करते हुए अमृतसर-गंगानगर मुख्य मार्ग को पूरी तरह से जाम लगाया। साथ ही सरकार का पुतला जलाकर नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने सबकी सहमति से मुख्यमंत्री के संगत दर्शन कार्यक्रम का बायकाट करने का एलान किया। धरने को संबोधन करते हुए उपाध्यक्ष जसबीर सियंह पिद्दी, फतेह सिंह ने कहा कि प्रदेश में भ्रष्टाचार व आम लोगों के साथ की जा रही धक्केशाही, लूटमार की जिम्मेदार पंजाब सरकार है।
किसानों ने एलान किया कि बादल सरकार के किलाफ 18 दिसंबर को अमृतसर में दुआबा-माझा जोन की बड़ी रैली की जाएगी। उस रैली में गांव बादल में 3 दिन तक पक्का मोर्चा लगाने का एलान किया जाएगा।
अगर 7 दिसंबर को मुख्यमंत्री के साथ होने वाली मीटिंग में किसानों के मामले हल न हुए तो किसान जत्थेबंदियों की अगुवाई में कड़ा संघर्ष किया जाएगा।
इस मौके पर मलकीत सिंह, कंवलजीत सिंह, सुप्रीम सिंह, बलविंदर कौर, अमरजीत कौर, तजिंदरपाल सिंह, सुरजीत सिंह, सरपंच मुखत्यार सिंह मौजूद थे।