दुबई के गुरुद्वारा अवीर में अरदास को बदल कर बोलने के मामले को पांच सिंह साहिबान की श्री अकाल तख्त साहिब पर हुई बैठक में काफी गंभीरता से लिया गया है।
सोमवार को हुई इस बैठक में गुरुद्वारा साहिब के अध्यक्ष सुरजीत सिंह की ओर से श्री अकाल तख्त साहिब को ई मेल के माध्यम से भेजे गए माफीनामे पर भी विचार चर्चा हुई। वहीं विदेशों में गुरुद्वारों और सिखों पर लगातार हो रहे नसली हमलों को लेकर भी चर्चा की गई।
श्री अकाल तख्त साहिब पर हुई पांच साहिबान की बैठक के बाद श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी गुरबचन सिंह ने कहा कि बैठक में फैसला लिया गया है कि दुबई के गुरुद्वारा के अध्यक्ष के माफीनामा पर फैसला लेने के लिए सिख माहिरों की कमेटी के पास भेजा जाए। जो भी सुझाव माहिरों के आएंगे उन पर पांच सिंह साहिबान की अगली बैठक में चर्चा करके अंतिम फैसला लिया जाएगा।
इसी तरह हरमंदिर साहिब के हजूरी रागी के केस के संबंध में जांच के लिए पांच सिंह साहिबान की ओर से एक तीन सदस्यों की कमेटी गठित की गई है।
इस कमेटी में हरमंदिर साहिब के ग्रंथी ज्ञानी मान सिंह, दरबार साहिब के भाई रविंदर सिंह और धर्म प्रचार कमेटी के सचिव को शामिल किया गया है। यह कमेटी पांच सिंह सिंहबान की अगली बैठक से पहले अपनी रिपोर्ट देगी फिर रागी के संबंध में फैसला लिया जाएगा।
सिखों के मामलों के संबंध में विचारों के लिए अलग अलग जत्थेबंदियों और संगठनों ने जो अपने अपने प्रतिनिधि दिए हैं उनको भी स्वीकृति दी जाती है। वहीं अन्य संगठनों को भी कहा जाता है कि वह अपने अपने प्रतिनिधियों के नाम भेजे ताकि सिखों के विभिन्न मामलों संबंधी संाझी राए बना कर मामलों को हल किया जाए।