पुलिस ने शनिवार को आईलेट्स क्लीयर करवाने का झांसा देकर विद्यार्थियों को ठगने वाले गिरोह का खुलासा कर एक सदस्य को काबू किया है। थाना सिविल लाइन में गिरोह के खिलाफ केस दर्ज पुलिस अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है।
एसटीएफ के आईजी कुंवर विजय प्रताप सिंह ने एक सूचना के आधार पर गैंगस्टर बंबिहा के साथी मंगा को पकड़ने के लिए शनिवार सुबह टीम को स्थानीय होटल में रेड करने के लिए भेजा। गैंगस्टर तो वहां से भाग निकला, लेकिन एक ऐसा गिरोह पकड़ में आ गया, जो आइलेट्स स्टूडेंट से हजारों रुपये लेकर अच्छे बैंड दिलवाने का विश्वास दिलवाता था।
आरोपी अपने नेटवर्क के जरिये आइलटस एग्जाम की आंसर शीट स्टूडेंटस को मुहैया करवा देते। ताकि वह एक दिन पहले ही सारे प्रश्नों का याद कर लें और आसानी से अच्छे बैंड ले सके।
फिलहाल पकड़े गए आरोपी नवप्रीत सिंह के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। गिरोह में सिमरजीत सिंह, जजबीर सिंह, संदीप सिंह और गुरबीर सिंह भी शामिल है। गिरोह को बटाला का वांटेड गैंगस्टर मंगा चला रहा है। एसटीएफ की टीम मंगा को पकड़ने के लिए पहुंची थी। वह चकमा देकर फरार हो गया। पकड़े गए आरोपी को शहरी पुलिस के हवाले कर दिया और उसके खिलाफ थाना सिविल लाइन में केस दर्ज कर लिया है।
पुलिस के अनुसार आरोपियों के साथी पूरे राज्य में विभिन्न जिलों में सक्रिय है। विदेश जाने के चाहवान स्टूडेंट्स को आइलेट्स करवाने का झांसा दिया जाता है। इसके बदले में प्रति स्टूडेंट्स से 40 हजार रुपये लेते है। शनिवार को होने वाले एग्जाम के लिए आरोपियों ने 12 स्टूडेंट्स ढूंढ निकाले थे।
इनमें लड़के और लड़कियां दोनों ही शामिल है। आरोपी शुक्रवार शाम को ही अमृतसर पहुंच गए और स्थानीय होटल में तीन कमरे लिए। एक कमरे में वह खुद ठहरे और बाकी दो में स्टूडेंट्स को ठहराया गया। रात को आरोपियों ने स्टूडेंट्स को एग्जाम पेपर की आंसर शीट दे दी। ताकि वह उसे देखकर अपनी सारी तैयारी कर सके। यह आंसर शीट नवप्रीत के मोबाइल पर बठिंडा से भेजी गई थी।