फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद गुरदासपुर पेशी पर पहुंचे लंगाह

विज्ञापन
विज्ञापन
हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद गुरदासपुर पेशी पर पहुंचे लंगाह
विज्ञापन

9 अप्रैल को होगी अगली पेशी, लंगाह ने कहा कि श्री अकाल तख्त सबसे ऊंचा है
सतकार कमेटी वालों ने कहा-लंगाह को मिलने वालों को भी पंथ से निकाला जाए
अमर उजाला ब्यूरो
गुरदासपुर।
दुराचार, फिरौती और धोखाधड़ी के आरोप में फंसे पंजाब के पूर्व अकाली मंत्री व एसजीपीसी के पूर्व सदस्य सुच्चा सिंह लंगाह हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद सोमवार को गुरदासपुर कोर्ट में पेश हुए। पेशी दौरान लंगाह ने पत्रकारों से कहा कि उनके लिए श्री अकाल तख्त सबसे ऊंचा है। उन्हें जब भी समय मिलेगा वह श्री अकाल तख्त पर नतमस्तक होंगे। अदालत ने लंगाह की अगली सुनवाई 9 अप्रैल को तय की है।
जानकारी के अनुसार जज प्रेम कुमार की अदालत में सोमवार तीन गवाहों के बयान दर्ज किए गए। जिसमें डाक्टर, एक एएसआई व एक अन्य कर्मचारी के बयान दर्ज हुए। इस मौके पर लंगाह को मिलने के लिए कई अकाली नेता अदालत में मौजूद रहे, जिसमें कई चेयरमैन तथा अन्य उपस्थित थे। इस दौरान सतकार कमेटी ने इसका विरोध किया। सतकार कमेटी के लखविंदर सिंह ने बताया कि वह अकाल तख्त के प्रमुख से अपील करते है कि जिस आरोपी पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का मामला दर्ज है, उसे पंथ से निष्कासित किया गया है। इसलिए अगर कोई उस शख्स से मिलने आता है तो उसे भी पंथ से निकाला जाना चाहिए।
विज्ञापन

बता दें कि हाईकोर्ट ने लंगाह के सामने कुछ शर्तें रखीं थीं, जिनमें से एक थी कि वह बिना बताए विदेश नहीं जा सकते, न ही लंगाह केस के किसी भी गवाह से संपर्क रख सकेंगे। लंगाह के खिलाफ गुरदासपुर सिटी पुलिस थाने में एक मामला दर्ज किया गया था। शिकायत दर्ज कराने वाली महिला विधवा है और उसने शिकायत में कहा था कि लंगाह उसके साथ 2009 से दुष्कर्म कर रहा था, लेकिन कुछ दिन पहले महिला बयान से पलट गई थी ।
विज्ञापन

शिरोमणि अकाली दल की गुरदासपुर जिला इकाई के अध्यक्ष रहे लंगाह के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (दुराचार), 384 (फिरौती), 420 (धोखाधड़ी) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस सूत्रों ने कहा था कि महिला ने अपनी शिकायत के समर्थन में पुलिस को एक वीडियो क्लिप भी सौंपी थी। महिला का आरोप था कि लंगाह ने उसकी संपत्ति बेचकर और उससे धन की उगाही कर उसके साथ धोखाधड़ी की है।

26जीडीआर1- पत्रकारों से बातचीत करते सुच्चा सिंह लंगाह
26जीडीआर2- सतकार कमेटी के सदस्य ।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें