मुख्यमंत्री तय करेंगे मेयरों के नाम
चंडीगढ़ से रिलीज होने वाले बंद लिफाफे में होंगे मेयर का नाम
मुख्यमंत्री दिल्ली में हाईकमान से बातचीत के बाद फैसला करेंगे
अमर उजाला ब्यूरो
अमृतसर।
कौन बनेगा मेयर। यह सवाल राजनीति से चलकर हर वोटर के जुबां पर है। कांग्रेस पने निगम पर पूर्ण बहुमत से कब्जा कर लिया है। कहा जा रहा है कि मेयर कौन बनेगा, इसका खुलासा सीएम आफिस से बंद लिफाफे में होगा। बंद लिफाफे में मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर व डिप्टी मेयर की घोषणा होनी है।
सीएम आफिस से अमृतसर, जालंधर व पटियाला के कांग्रेस प्रधान से संभावित मेयर, डिप्टी मेयर व सीनियर डिप्टी मेयर को लेकर लिस्टें सोमवार को मंगवा ली गई हैं। अब फैसला होना बाकी है। विधायकों के साथ बैठक के बाद भले ही मेयर के नाम की घोषणा होनी है लेकिन सारी जिम्मेदारी मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के हाथों में दिल्ली हाईकमान ने सौंप दी है। हरेक विधायक अपने चहेते को मेयर की कुर्सी दिलाने में जुट गया है। उधर, मंत्रिमंडल के विस्तार को लेकर भी मेयर के नाम पर फोकस होने लगा है। कांग्रेस में चर्चाएं हैं कि मेयर पद के लिए सियासत में समझौता हो सकता है। मंत्री बनने वाले विधायक को मेयर पद के लिए दावेदारी छोड़नी पड़ सकती है।
नगर निगम चुनाव में अमृतसर, जालंधर व पटियाला में कांग्रेस की जीत के बाद अब मेयर को लेकर ठन गई है। अमृतसर के अधिकांश विधायकों ने चंडीगढ़ में डेरा डाल दिया है। चर्चा है कि 25 दिसंबर के आसपास मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह मेयर के नामों पर सहमति दिल्ली दरबार से लेकर बंद लिफाफे में दे सकते हैं। अमृतसर में 42 महिलाएं निगम सदन पहुंची हैं। माना जा रहा है कि अगले सप्ताह मेयर के नाम का एलान हो सकता है।
महिलाओं को तीनों शहरों की दी जा सकती है जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह बड़ा फैसला कर सकते हैं। उन्होंने जिस तरह महिलाओं को 50 प्रतिशत सीटों से चुनाव लड़ने की घोषणा की है, ऐसे में वह अमृतसर, जालंधर और पटियाला महिला मेयर को प्राथमिकता दे सकते हैं। सीएम महिलाओं को राजनीति क्षेत्र में आगे लाने के लिए यह प्रयोग कर सकते हैं। महिला मेयर सूबे में अभी तक नहीं बनी हैं। यह इतिहास कांग्रेस लिख सकती है।