फिरोजपुर में किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के महासचिव सरवन सिंह पंधेर ने बयान जारी कर कहा कि संसद में कृषि कानून रद्द करवाने, एमएसपी की ग्रांटी का कानून, प्रदूषण एक्ट व बिजली शोध बिल रद्द करवाने के बाद ही दिल्ली बॉर्डर से किसान आंदोलन खत्म होगा। इसके अलावा और कई मांगें हैं, जिन्हें केंद्र सरकार को पूरा करना होगा। पंजाब से 26 नवंबर को हजारों की संख्या में किसान दिल्ली बॉर्डर पहुंचेंगे। 24 नवंबर से अमृतसर से किसानों का जत्था दिल्ली रवाना होगा।
पंधेर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विश्वास सत्ता में है, सत्ता पाने के लिए भाजपा कुछ भी कर सकती है। जैसे ये लोग कृषि कानून लाए हैं वैसे ही वापस करें। किसान उस प्रक्रिया का इंतजार दिल्ली बॉर्डर पर करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंजाबियों को खुश करने के लिए श्री गुरु नानक देव जी के जन्मोत्सव पर कृषि कानून वापस लेने की घोषणा की है। यही घोषणा पहले कर दी जाती तो 700 किसानों की जानें बच सकती थीं।