मंच था जीबी पंत विवि का रतन सिंह सभागार और मौका था न्यूज रीडिंग प्रतियोगिता के विजेताओं को राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) गुरमीत सिंह से सम्मानित होने का। राज्यपाल के सभागार में प्रवेश करते ही लोगों ने तालियों से उनका स्वागत किया।
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कार्यक्रम को संबोधित करते राज्यपाल ले.ज. गुरमीत सिंह।
- फोटो : अमर उजाला
राज्यपाल ने अपने प्रेरक शब्दों से कार्यक्रम के उत्साह को और ऊंचाई दी। उनके मार्गदर्शक और ऊर्जावान वक्तव्य को सुनकर खचाखच भरा सभागार कई बार तालियों से गूंज उठा। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों का उत्साह इस आयोजन की सफलता को स्वयं बयां कर रहा था। हर कोई उनके भाषण को ध्यानपूर्वक सुन रहा था। उन्होंने अपने जीवन के अनुभव साझा करते हुए पढ़ने की आदत के महत्व पर प्रकाश डाला, जो श्रोताओं को काफी प्रेरित कर गया।
अपने जोशीले संबोधन में उन्होंने मुगलों और अंग्रेजी शासन का उल्लेख करते हुए राष्ट्र एकता की आवश्यकता पर जोर दिया और इसकी अहमियत समझाई।
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न्यूज रीडिंग प्रतियोगिता के विजेता दीपांशु गहतोड़ी को एक लाख मांग ड्राप्ट प्रदान करते राज्यपाल ले.ज गुरमीत सिंह।
- फोटो : अमर उजाला
प्रतियोगिता की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जब प्रथम विजेता को सम्मानित करने का समय आया तो राज्यपाल ने उसके पूरे परिवार को मंच पर आमंत्रित किया और सभी से इस उपलब्धि पर गर्व करने का आह्वान किया।
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न्यूज रीडिंग प्रतियोगिता के प्रथम स्थान प्राप्त विजेता दीपांशु, द्वितीय स्थान प्राप्त दिव्यम व तृतीय स्थान प्राप्त यथार्थ मेहरा को मांग ड्राप्ट देते राज्यपाल ले.ज.गुरमीत सिंह।
- फोटो : अमर उजाला
इतना ही नहीं, उन्होंने तीनों विजेताओं को खड़ा कर कहा कि यह उपलब्धि सिर्फ एक जीत नहीं, बल्कि एक नई जिम्मेदारी की शुरुआत है। अब उनका दायित्व है कि वे लोगों को बताएं कि अखबार पढ़ना क्यों जरूरी है और समाज में पढ़ने की आदत को बढ़ावा दें।
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न्यूज रीडिंग प्रतियोगिता के पुरस्कार वितरण समारोह में मौजूद कमिश्नर दीपक रावत व डीएम नितीन भदौरिया।
- फोटो : अमर उजाला
कार्यक्रम में कई गणमान्य लोग भी मौजूद रहे, जिनमें कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत भी शामिल थे। उन्होंने इससे पहले भी मंडल स्तरीय प्रतियोगिता में बच्चों से संवाद किया था और अमर उजाला की इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं न केवल बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाती हैं, बल्कि उन्हें समाज और देश के प्रति जागरूक भी बनाती हैं। उन्होंने कहा महामहिम राज्यपाल की ओर से किया गया प्रयास अभिनव पहल था। इस प्रतियोगिता ने स्कूली बच्चों का अखबारों से जुड़ाव कराया है। मंडल स्तरीय प्रतियोगिता के तीनों विजेता अन्य बच्चों के लिए भी प्रेरणास्त्रोत बनेंगे। इस तरह के प्रयास भविष्य में भी होने चाहिए ताकि अधिक बच्चों को इसका लाभ मिल सके।
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न्यूज रीडिंग प्रतियोगिता के पुरस्कार वितरण समारोह में मौजूद लोग।
- फोटो : अमर उजाला
स्वामी विवेकानंद के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान
राज्यपाल ने युवाओं और छात्र छात्राओं से स्वामी विवेकानंद के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। राज्यपाल ने तीनों विजेताओं से कहा कि मंडल स्तरीय प्रतियोगिता के विजेता बनने के बाद अब आपकी समाज के प्रति जिम्मेदारी और अधिक बढ़ गई है। आप संकल्प लें कि खुद के घर से लेकर समाज तक के बीच लोगों में पढ़ने की आदत को विकसित करेंगे। इस दौरान राज्यपाल ने आयुक्त दीपक रावत और डीएम नितिन भदौरिया का उदाहरण देते हुए कहा कि बिना पढ़े जीवन में सफलता नहीं मिल सकती है।
अमर उजाला का यह मंच व्यक्तित्व और एंकरिंग क्षेत्र में विद्यार्थियों की प्रतिभा को उभारने में मदद करेगा। सभी शैक्षणिक संस्थानों में शिक्षण-प्रशिक्षण में नवाचार आधारित प्रयोग होते रहने चाहिए। राज्यपाल के संदेश ने हम सबको प्रेरित किया। अमर उजाला परिवार को आयोजन के लिए शुभकामनाएं।-प्रो. नवीन चंद्र लोहनी, कुलपति, उत्तराखंड ओपन यूनिवर्सिटी
अखबार पढ़ने से स्थानीय और देश- विदेश की खबरों की जानकारी मिलती है। इस आदत को विकसित करने से बच्चों में भाषाई दक्षता सुधरेगी। सामान्य ज्ञान बढ़ने के अलावा उनका शब्दकोश भी बढ़ेगा।- हरेंद्र कुमार मिश्रा, प्रभारी मुख्य शिक्षा अधिकारी उधमसिंह नगर
जनपद नैनीताल के सभी विद्यालयों को एक-एक अखबार लगाने के लिए निर्देशित किया गया है ताकि बच्चों में पढ़ने की प्रवृत्ति बढ़े। जिस प्रकार नैनीताल जिले से दो बच्चों ने प्रतियोगिता जीती है, उन्हें बधाई। अमर उजाला परिवार को भी इस आयोजन के लिए बधाई।- गोविंद राम जायसवाल, मुख्य शिक्षाधिकारी नैनीताल