मुंबई के बांद्रा में लॉक डाउन के बावजूद भीड़ जुटाने का मुख्य आरोपी विनय कुमार दूबे बनारस की सियासत में भी भाग्य आजमा चुका है। वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव में शहर उत्तरी सीट से वह एनसीपी का प्रत्याशी बना था। मगर, इस चुनाव में जमानत जब्त कराकर वह मुंबई लौट गया था और मुंबई की सियासत में ही सक्रिय हो गया था।
बताया जाता है कि बनारस की राजनीति के जरिए मुंबई में बसे उत्तर भारतीयों के बीच पैठ बनाने के लिए वह चुनाव मैदान में उतरा था। बुरी तरह पराजित होने के बाद भी बनारस से चुनाव लड़ने की कहानी के जरिए मुंबई में धाक जमा ली थी। यही कारण है कि लोक सभा चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के रुप में मैदान में उतर गया था।