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Varanasi Weather: दुर्गा अष्टमी पर 7.30 घंटे में 50 मिमी बारिश, कीचड़ से होकर पंडाल तक पहुंचे लोग; कटी बिजली

Wed, 01 Oct 2025 11:43 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

वाराणसी में दुर्गा अष्टमी के दिन शाम से ही बारिश रुक-रुक कर शुरू रही। रात होते ही बिजली भी कड़कने लगी। बारिश में जगह-जगह जलभराव होने से मेला घूमने में लागों को काफी परेशानी हुई।
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बारिश के बाद हुई कीचड़ के बीच होकर पंडाल में जाते लोग। - फोटो : अमर उजाला
दुर्गा अष्टमी की शाम पांच बजे से शुरू हुई बारिश का सिलसिला देर रात तक चलता रहा। गरज-चमक के साथ शहर में 50 मिमी से ज्यादा बारिश हुई। जिसकी वजह से सड़कों पर दो फीट तक पानी भर गया। बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर के बाहर तीन फीट पानी दिखा। 
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वाराणसी में बारिश के बाद जलभराव। - फोटो : अमर उजाला
मैदागिन, भेलूपुर, चांदपुर समेत कई इलाकों में बिजली गुल रही। उधर, बारिश की वजह से ईश्वरगंगी पोखरे के पास लोटादास मठ की 20 फीट ऊंची दीवार गिर गई। मलबे में 3 बाइक दब गईं। जैतपुरा थाना प्रभारी बृजेश मिश्र ने बताया कि जनहानि नहीं हुई है। नगर निगम को सूचना दे दी गई है।
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जलभराव के बीच पंडाल में जाते लोग। - फोटो : अमर उजाला
दुर्गा पूजा पंडालों के बाहर एक से डेढ़ फीट तक पानी भर गया। दर्शनार्थियों और पर्यटकों को दर्शन पूजन में काफी दिक्कतें हुईं। लोगों को कीचड़ से पंडालों तक पहुंचना पड़ा। सबसे खराब हाल शिवपुर मिनी स्टेडियम पर बने 100 फीट ऊंचे दुर्गा पंडाल के पास रहा। भव्य पंडाल के बाहर लोग बच-बचकर चलते रहे। बारिश और रास्ता खराब होने के चलते कई जगहों पर भीड़ कम रही। 

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पूजा पंडाल में घुसा बारिश का पानी। - फोटो : अमर उजाला
कैंट, नदेसर, कचहरी, भोजूबीर, चेतगंज, हथुआ मार्केट, भारतीय शिक्षा मंदिर, मंडुआडीह के पंडालों के बाहर काफी कीचड़ हो गया। दिन भर की कड़ी धूप और उमस के बाद मंगलवार  शाम 5 बजे अचानक से तेज चमक और गरज के साथ जोरदार बारिश हुई। गरज और चमक के साथ बारिश का सिलसिला रुक-रुक कर रात 12.30 बजे के बाद भी चलता रहा। 
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बारिश का पानी लग जाने से लोगों को हुई परेशानी। - फोटो : अमर उजाला
जिले का पारा सामान्य से 1.6 डिग्री ज्यादा 35.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम पारा सामान्य से 1.3 डिग्री ज्यादा 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दोपहर बाद हवा में नमी 91 फीसदी से ज्यादा हो गई। इससे उमस काफी बढ़ गई, शाम तक बारिश होने से मौसम सुहाना हो गया। हवा 13 किमी प्रति घंटे की गति से बही। 
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बारिश के बाद कई जगह लगा पानी। - फोटो : अमर उजाला
लखनऊ के यूपी आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अतुल कुमार सिंह के अनुसार प्रदेश के तीन जिलों में सामान्य से बहुत कम, 27 जिलों में सामान्य से कम, 13 जिलों में सामान्य से ज्यादा और दो जिलों में सामान्य से बहुत ज्यादा बारिश हुई। 30 जिलों में मानसून वर्षा सामान्य रही।
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बारिश से बचने की कोशिश करते युवा। - फोटो : अमर उजाला
मानसून ने 18 जून को प्रदेश के दक्षिणी भाग से प्रदेश में प्रवेश किया। 24 सितंबर को प्रदेश के पश्चिमी भाग से वापसी शुरू हुई। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अधिकांश भाग से वापस चला गया, लेकिन बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दाब क्षेत्र और अक्तूबर की शुरुआत में संभावित एक दूसरे निम्न दाब क्षेत्र के प्रभाव से पूर्वी यूपी से मानसून लौटने की संभावना कम है। 

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बारिश के बीच रामनगर की रामलीला। - फोटो : अमर उजाला
इससे पूर्वी उत्तर प्रदेश में अक्तूबर के पहले सप्ताह में बारिश की उम्मीद बनी हुई है। इस दौरान पूर्वी यूपी में अधिकतम तापमान सामान्य से ज्यादा रह सकता है। मच्छोदरी के सूरज परिवार के साथ मेला देखने निकले थे। गायघाट में मूसलधार बारिश होने लगी। 

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बारिश के बाद लगे पानी के बीच जाता बाइक सवार। - फोटो : अमर उजाला
पूर्वी यूपी में औसत से कम, काशी में ज्यादा बरसात
यूपी में मानसूनी वर्षा 746.2 मिमी के मुकाबले 6 फीसदी कम 701.6 मिमी रही। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जहां 672 मिमी के दीर्घकालिक औसत के सापेक्ष 12 फीसदी ज्यादा 752.5 मिमी बारिश हुई। पूर्वी यूपी में यह 799.2 मिमी के दीर्घकालिक औसत से 17 फीसदी कम 666 मिमी रही। वाराणसी में सामान्य के 812.1 मिमी से 15 फीसदी ज्यादा 929.9 मिमी बारिश दर्ज की गई।

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वाराणसी में बारिश का दृश्य। - फोटो : अमर उजाला
नवरात्र में पांच साल में दूसरी बार बारिश
इस बार नवरात्र में दो बारिश हुई है। पहली बार 27 सितंबर को और दूसरी बार 30 सितंबर को बारिश हुई। काशी वालों को पांच साल में दूसरी बार बारिश का सामना करना पड़ा।
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मंगलवार को काफी देर तक हुई बारिश। - फोटो : अमर उजाला
पंडालों में पानी और रोशनी भी प्रभावित 
तेज बारिश से कई जगह पंडालों में पानी भर गया। श्रद्धालुओं को फर्श पर फिसलन और बिजली की झालरों के गीले होने से परेशानी झेलनी पड़ी। उधर, कज्जाकपुरा, प्रह्लाद घाट, भदऊचुंगी, विशेश्वरगंज, दारानगर, औसानगंज में पंड़ाल में पानी भर गया। 
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