मन में कुछ करने की चाह हो तो उम्र कभी आड़े नहीं आती। इसी भरोसे के साथ काशी की बेटी श्वेता चौधरी ने पहले मिसेज इंडिया अर्थ और अब मिसेज अर्थ का खिताब हासिल कर देश का मान बढ़ाया है। पापा के सपने को साकार करने का जुनून इस कदर था कि शादी के बाद मॉडलिंग की राह चुनी और अपने लगन से उसमें मुकाम हासिल किया। आगे की स्लाइड्स में देखें...
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Shweta Chaudhary
- फोटो : self
बीते 10 जून 2018 को यूएस के लास वेगास में आयोजित मिसेज अर्थ प्रतियोगिता के अंतर्गत श्वेता चौधरी ने मिसेज अर्थ पीपुल्स च्वाइस-क्वीन ऑफ द क्वींस और मिस यूनिवर्स का खिताब जीता। 2017 में मिसेज इंडिया अर्थ बन चुकीं श्वेता चौधरी ने मिसेज अर्थ में भारत का प्रतिनिधित्व किया। अपनी खूबसूरती और जज्बे के साथ उन्होंने दुनिया भर से आईं दूसरी प्रतिभागियों को मात देकर खिताब हासिल किया।
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Shweta Chaudhary
- फोटो : अमर उजाला
श्वेता का जन्म मूल रूप से बनारस में हुआ। लेकिन उनका लालन-पालन मिर्जापुर के अहरौरा में हुआ। श्वेता ने कभी किसी मॉडलिंग संस्थान में मॉडलिंग नहीं सीखा। डांसर और चिकित्सक श्वेता भारत में कई बड़े ब्रांड के साथ-साथ चैरिटी, एनजीओ, स्वास्थ्य और पर्यावरण के अलावा पीएच 12 की सक्रिय एंबेसडर भी हैं।
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पटना से ग्रेजुएशन करते समय श्वेता के सामने पिता अशोक श्रीवास्तव की एक हादसे में मौत हो गई। तब पांच भाई-बहनों में सबसे बड़ी होने के नाते घर की पूरी जिम्मेदारी उनके कंधों पर आ गई। पैसों की दिक्कत को दूर करने के लिए श्वेता ने मुंबई की फर्म में जॉब किया। इसी दौरान उनकी मुलाकात अमित चौधरी से हुई। दोनों एक-दूसरे को प्रेम करने लगे और 2007 में शादी बंधन में बंध गए।
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Shweta Chaudhary
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पति अमित ने श्वेता को साउथ की फिल्मों में हाथ आजमाने का मौका दिया लेकिन वह सफल नहीं हो सकी। इस समय श्वेता चौधरी को दो बच्चे हैं। मई 2017 में मिसेज इंडिया अर्थ कॉम्पटीशन में श्वेता ने भाग लिया और ग्रैंडफिनाले में जगह बनाई थी।
श्वेता चौधरी का कहना है कि यह फख्र और खुशी की बात है कि अपने देश का नाम अंतरराष्ट्रीय मंच पर ले जा सकी। इसका श्रेय ट्रेनर और मेंटर रितिका रामत्री को है। जजों ने सभी प्रतिभागियों की न सिर्फ बाहरी सुंदरता को तवज्जो दी बल्कि अंतर्मन में छुपी अच्छाई को भी परखा। मां होने के नाते स्कूल की बच्चियां उनके दिल के काफी करीब हैं। उन्हें कई मंत्रालयों से समाज और आसपास को बेहतर बनाने की सोच के लिए सराहा और सम्मानित किया गया।