मकर संक्रांति पर यदि एकादशी का संयोग हो, तो शास्त्रों के अनुसार चावल ग्रहण व दान वर्जित माना जाता है। इसको लेकर ज्योतिषाचार्य रविकांत तिवारी ने महत्वपूर्ण धार्मिक नियमों के साथ त्योहार मनाने के लिए कुछ सुझाव दिए हैं। उन्होंने बताया कि एकादशी व्रत की पवित्रता बनाए रखने के लिए इस दिन चावन से बनी किसी भी वस्तु विशेषकर खिचड़ी (दाल- चावन) का दान या सेवन नहीं करना चाहिए। यदि मकर संक्रांति एकादशी तिथि में पड़ती है, तो खिचड़ी का दान अगले दिन द्वादशी तिथि में करना शास्त्रसम्मत माना गया है, जिससे दोनों पर्वों का पूर्ण फल प्राप्त होता है।