बाढ़ के पानी में स्नान करते शिवभक्त।
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नक्खीघाट मार्ग पांडेयपुर, पंचक्रोशी, अशोक विहार कॉलोनी, लक्ष्मी माता मंदिर और सारनाथ की ओर जाने वालों के लिए मुख्य संपर्क मार्ग है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग के आसपास हजारों की आबादी निवास करती है, जो अब असहाय हो गई है। रामनगर के कोदोपुर में गंगा का जलस्तर घर के दरवाजे तक पहुंचा तो लोग दुग्धाभिषेक करने लगे। चिरईगांव में ढाब क्षेत्र सहित चांदपुर, छितौना, मुस्तफाबाद, रेतापार, रामपुर समेत कई गांव बाढ़ से घिर गए हैं। संपर्क मार्ग जलमग्न होने से गांव मुख्य मार्गों से कट चुके हैं।