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2017 ने सांस्कृतिक राजधानी काशी को दिए कई गहरे जख्म, अंतराष्ट्रीय स्तर पर भी साख को लगा धक्का

Wed, 27 Dec 2017 02:24 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
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फ्रांसीसी नागरिक के साथ मनबढ़ो से लोहा लेने वाली साहसी बेटियां - फोटो : file photo
सांस्कृतिक राजधानी वाराणसी को गुजरते साल 2017 ने अपराधिक वारदातों के रुप में कई गहरे जख्म दिए। खासकर दिनदहाड़े चोरी डकैती और हत्या की रोंगटे खड़े कर देनी वाली घटनाओं के अलावा विदेशियों से रेप, दुर्व्यवहार, लूटपाट की वारदातों से न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतराष्ट्रीय स्तर पर काशी की साख को धक्का लगा। लगातार आपराधिक वारदातों ने वैश्विक स्तर पर पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी। आगे की स्लाइड्स में देखें...
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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
बीते 28 जून को रोहनिया थाना के शूलटंकेश्वर क्षेत्र में 70 फ्रांसीसी महिला को बंधक बनाकर उनके गेस्ट हाउस के चौकीदार ने दुराचार किया। इसके बाद 13 अक्तूबर को बीएचयू में फिजी निवासी बीए प्रथम वर्ष के छात्र रैगिंग ने दुनिया भर में काशी की किरकिरी कराई। 

 
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फ्रांसीसी नागरिक - फोटो : अमर उजाला
नवंबर के आखिरी में फ्रांस से आकर भदैनी स्थित एक गेस्ट हाउस में ठहरा छह सदस्यीय फ्रांसीसी दल 10 दिसंबर को मिर्जापुर के अहरौरा जलप्रपात गया तो छेड़खानी और हिंसा का शिकार हुआ। घटना से सहमा फ्रांसीसी दल वापस अपने देश लौट गया। 14 दिसंबर को आगरा से शहर आए जापानी पर्यटक अकीहीरो टनाका को नशीला पदार्थ देकर लूटपाट की गई। 

 

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मिर्जापुर - फोटो : SELF
16 दिसंबर को अस्सी घाट के सामने गंगा पार क्षेत्र में अर्जेंटीना निवासी युवती के साथ तीन युवकों ने लूटपाट की।
24 दिसंबर को जाम में फंसी जर्मनी निवासी युवती का कमरबंद बैग काटकर उचक्कों ने दो सौ यूरो और पासपोर्ट चुरा लिए। 

 
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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
प्रदेश में योगी सरकार के गठन के बाद छेड़खानी जैसी वारदातों पर प्रभावी तरीके से अंकुश लगाने के लिए एंटी रोमियो स्क्वॉड का गठन हुआ लेकिन इसका कोई खास असर देखने को नहीं मिला। साल भर में 368 से ज्यादा ऐसे मामले दर्ज किए गए। ऐसे भी मामले सामने आए जब शोहदों के आतंक से छात्राओं ने स्कूल जाना छोड़ दिया। इसी तरह साल भर में दुराचार के 95 मामले दर्ज किए गए।

 
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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
अपराधी साल भर पुलिस को चुनौती देते रहे। आठ अप्रैल को चौक थाने से चंद कदम दूर ठठेरी बाजार मोड़ स्थित सर्राफ संजय की दुकान में दिनदहाड़े डकैती डालकर करोड़ों का सोना बदमाश लूट ले गए थे। इसके बाद अप्रैल महीने के आखिरी में ही सिगरा-महमूरगंज मार्ग स्थित विश्वनाथ सोनी की दुकान में डकैतों ने दिनदहाड़े डकैती का प्रयास किया। साल के आखिरी महीने में भी बदमाशों ने शिवपुर थाना क्षेत्र के बसही बाजार स्थित आभूषण दुकान में डकैती डाली और दहशत फैलाने के लिए फायरिंग की।

 
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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
इसी तरह साल भर में लूट के 52 मामले, वाहन चोरी के 650 से अधिक मामले, घरों में चोरी के 210 से ज्यादा मामले और चेन स्नेचिंग के 47 से अधिक मामले जिले के थानों में दर्ज किए गए। इस दौरान साल भर में 529 के खिलाफ गुंडा एक्ट और 202 के खिलाफ गैंगेस्टर की कार्रवाई की गई।

 

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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
साल की शुरुआत में ही 17 जनवरी को ठेला-पटरी व्यवसायी समिति के सचिव प्रमोद निगम, भेलूपुर थाना क्षेत्र के बिरदोपुर में 18 फरवरी को सास-बहू, 28 अगस्त को चौक थाना के हड़हासराय में झोला व्यवसायी मोहन निगम, छह सितंबर को सऊदी अरब से बाबतपुर एयरपोर्ट पर उतरे राजेंद्र प्रसाद पाल, सिगरा थाना क्षेत्र की विद्या विहार कॉलोनी में 11 अक्तूबर को ठेकेदार विशाल सिंह, 16 अक्तूबर की आधी रात बाद सपा के पूर्व पार्षद रहे विजय जायसवाल के घर ताबड़तोड़ फायरिंग कर उनके कर्मचारी के भाई श्रवण की हत्या सुर्खियों में रही। 

 
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वाराणसी में 2017 में अपराधिक वारदातें - फोटो : file photo
अक्तूबर महीने के दूसरे हफ्ते में ही घोसिला गांव में स्कूल जा रही कक्षा नौ की छात्रा अंजलि की हत्या एकतरफा प्यार में कर उसकी पट्टीदारी के चाचा आकाश ने ट्रेन के सामने कूद कर जान दे दी थी। वहीं, अगस्त महीने के दूसरे हफ्ते में कैंट थाना अंतर्गत मकबूल आलम रोड स्थित खजुरी में अधिवक्ता अभिषेक सिंह के घर ठहरे भभुआ के गिट्टी-बालू कारोबारी मोहम्मद आसिफ अंसारी की हत्या का राज पुलिस आज तक नहीं खोल सकी। अप्रैल महीने में बड़ागांव थाना क्षेत्र में हुई दोई बाबा की हत्या भी पुलिस के लिए अब तक पहेली बनी हुई है। साल भर में जिले में हत्या के 47 और हत्या के प्रयास के 57 मामले दर्ज किए गए।
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