उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में अनूपशहर कोतवाली में तैनात महिला दरोगा ने आत्महत्या कर मौत को गले लगाया तो हर कोई स्तब्ध रह गया। महिला दरोगा आरजू के शव को जब पैतृक गांव भैंसवाल में लाया गया तो हर कोई यही कह रहा था कि आखिर ऐसी कौन सी मुश्किल आ पड़ी थी कि दूसरों को हिम्मत देने वाली होनहार बेटी आत्महत्या करने को विवश हो गई।
महिला दरोगा के परिजन शव को देखकर बिलख रहे थे। उन्हें क्या मालूम था कि जिस घर से वह बेटी की डोली विदा करने की तैयारियां कर रहे थे उस घर से बेटी की अर्थी विदा करनी पड़ेगी। पढ़ें, आखिर कैसे एक सशक्त महिला दरोगा ने जिंदगी से तंग होकर चंद सेकेंड में थाम लिया मौत का दामन-