जिले में एक बार फिर धरती के भगवान कहे जाने वाले चिकित्सक की करतूत से मानवता शर्मसार हुई। शहर के चारू नर्सिंगहोम में रुपये न देने पर प्रसव पीड़िता को आपरेशन थियेटर से बाहर निकाल दिया गया। दर्द से महिला तड़पती रही, लेकिन चिकित्सक का दिल नहीं पसीजा।
करीब आधे घंटे तक प्रसव पीड़िता रात में सड़क पर दर्द से चीखती-चिल्लाती रही। सूचना के बाद सीओ सिटी व सीएमओ मौके पर पहुंचे। इस बीच एक निजी अस्पताल के संचालक ने पीड़िता की मदद को हाथ बढ़ाया। उसे अपने अस्पताल ले गए। वहां बच्चे की मौत हो गई, जबकि महिला की हालत गंभीर बनी हुई है। पीड़िता के पति की शिकायत पर पुलिस ने नर्सिंगहोम संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
मानधाता थाना क्षेत्र के मदईपुर पुरैला की रहने वाली पुष्पा मौर्या पत्नी उमेश कुमार मौर्या को शनिवार की रात प्रसव पीड़ा होने लगी। एंबुलेंस से उसे लेकर परिजन मानधाता सीएचसी गए, जहां हालत गंभीर देख स्वास्थ्यकर्मियों ने महिला अस्पताल ले जाने की सलाह दी। चूंकि पुष्पा को पीड़ा हो रही थी।