फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अल्ताफ के बैंक खाते की होगी जांच, दो हजार झुग्गियों में संदिग्धों की तलाश, शासन ने मांगी जानकारी

Wed, 25 Sep 2019 02:23 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
1 of 8
लालकुर्ती थाने में संदिग्ध को लेकर जाती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
मेरठ के छावनी क्षेत्र से संदिग्ध ई-रिक्शा चालक अल्ताफ की गिरफ्तारी के बाद जिले के विभिन्न स्थानों पर झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले संदिग्ध लोग रडार पर आ गए हैं। लिसाड़ीगेट थाना क्षेत्र की आशियाना कालोनी में मंगलवार को खुफिया विभाग और लिसाड़ी गेट पुलिस जांच के लिए पहुंची। जहां लोगों के आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों की पड़ताल की गई। वहीं पुलिस का कहना है कि संदिग्ध अल्ताफ के बैंक खाते की भी जांच की जाएगी- 
विज्ञापन

2 of 8
लालकुर्ती थाने में संदिग्ध से पूछताछ करते अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
जिले में दो हजार से ज्यादा झुग्गी-झोपड़ियां बताई जाती है। इनमें शहर के हापुड़ रोड, लिसाड़ी गेट और खरखौदा क्षेत्र में अधिकांश झुग्गी झोपड़ियां बताई जाती हैं। दावा यह किया जाता है कि इनमें पश्चिम बंगाल और असम के लोग रहते हैं, जो कबाड़ बीनकर गुजारा करते हैं।

खुफिया विभाग को जानकारी मिली है कि कुछ संदिग्ध बांग्लादेशी आशियाना कॉलोनी में रह रहे हैं। उन्होंने गलत जानकारी देकर अपने आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज भी बनवा लिए हैं। सूचना यह भी है कि पूर्व में दो जगह आगजनी में 400 से अधिक झुग्गियां राख हो गई थीं। कुछ लोगों का स्थायी पता नहीं है। उसके बाद फर्जी तरह से आधार कार्ड बनवा लिए गए।

 
विज्ञापन

3 of 8
लालकुर्ती थाने में संदिग्ध को लेकर जाती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
शासन ने मांगी जानकारी
बताया गया कि शासन ने संदिग्ध बांग्लादेशियों की जानकारी मांगी तो इंटेलीजेंस, एलआइयू और पुलिस सक्रिय हुई। सीओ कोतवाली दिनेश शुक्ला का कहना है कि असम या अन्य स्थानों के जो लोग रह रहे हैं उनका सत्यापन किया जा रहा है। 

4 of 8
लालकुर्ती थाने में संदिग्ध को लेकर जाती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
कहीं हनी ट्रैप से तो नहीं जुड़े तार 
ई-रिक्शा चालक के मोबाइल में जिस तरह से अश्लील फोटो, वीडियो और अशलील साइट के लिंक मिले हैं, उससे पुलिस हनी ट्रैप की तरफ भी जांच कर रही है। कहीं गोपनीय जानकारी लेने के लिए इनका सहारा तो नहीं लिया जा रहा था।
विज्ञापन

5 of 8
अफसार के घर पूछताछ करती एनआईए की टीम
एनआईए ने की थी छापेमारी
26 दिसंबर 2018 को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने वेस्ट यूपी के कई जिलों में छापामारी की थी। जांच में सामने आया कि वेस्ट यूपी में कई संदिग्ध लोग पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से जुड़े हैं।

एटीएस और एनआईए लगातार जांच करती रहीं। इनपुट के आधार पर आईएसआई का निशाना दिल्ली एनसीआर और वेस्ट यूपी के जिले थे। जिसके बाद राधना गांव के अलावा, मुंडाली, परीक्षितगढ़, किठौर में आधा दर्जन युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। अमरोहा और हापुड़ में भी दबिश दी गई।
विज्ञापन

6 of 8
एनआईए टीम - फोटो : अमर उजाला
अल्ताफ के बैंक खाते की भी होगी जांच
पुलिस का कहना है कि अल्ताफ के बैंक खाते की भी जांच कराई जाएगी। कहीं ऐसा तो नहीं कि बैंक खाते में कहीं दूसरे माध्यम से धनराशि ट्रांसफर की गई है। आरोपी के घर पहुंचकर पुलिस और इंटेलीजेंस की टीम ने जांच पड़ताल कर पत्नी से पूछताछ की।

इस दौरान पुलिस को कोई भी संदिग्ध सामान नहीं मिला। वही अल्ताफ की पत्नी नाजमा लिसाड़ी गेट में तहरीर देने पहुंची कि उसका पति सोमवार रात से लापता है। बाद में पुलिस ने बताया कि उसे लालकुर्ती क्षेत्र में सेना ने पकड़कर पुलिस को सौंपा है।
विज्ञापन

7 of 8
नईम को लेकर राधना गांव पहुंची एनआईए
पश्चिमी यूपी से जुड़े रहे हैं तार
  • 26 अक्तूबर 2018 बुलंदशहर के खुर्जा से संदिग्ध जाहिद गिरफ्तार।
  • 19 अक्तूबर 2018 मेरठ कैंट से सेना का सिग्नल मैन कंचन सिंह पकड़ा गया।
  • 27 नवंबर 2015  एसटीएफ ने मेरठ कैंट से आईएसआई एजेंट इजाज दबोचा।
  • 16 अगस्त 2014 मेरठ से संदिग्ध आईएसआई एजेंट आसिफ अली गिरफ्तार।
  • 10 जनवरी 2009 सहारनपुर से आईएसआई एजेंट आमिर अहमद उर्फ भूरा गिरफ्तार।
  • 12 दिसंबर 2008 सीआरपीएफ कैंप में आतंकी हमले से जुड़े लश्कर-ए-तैयबा का आतंकी फहीम अंसारी गिरफ्तार।
विज्ञापन

8 of 8
NIA
इनकी भी हो चुकी है गिरफ्तारी
  • 21 जून 2007 बिजनौर में भारी मात्रा में आरडीएक्स के साथ हूजी के दो आतंकी गिरफ्तार।
  • 23 अगस्त 2005 लश्कर-ए-तैयबा के चीफ कोऑर्डिनेटर अबू रज्जाक मसूद का मुजफ्फरनगर कनेक्शन मिला।
  • 10 मार्च 2005 मेरठ से खलील हुसैन शाह नाम का आईएसआई एजेंट गिरफ्तार।
  • 18 अप्रैल 2004 मेरठ से रूबी बेगम नाम की आईएसआई एजेंट गिरफ्तार।
  • 14 मार्च, 2003 मुजफ्फरनगर से जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकी सज्जाद और इत्तफाकुल गिरफ्तार।
  • 15 जुलाई 2002 मुजफ्फरनगर से एक आईएसआई एजेंट गिरफ्तार।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें