1857 की क्रांति (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
इन 85 सैनिकों ने जगाई क्रांति की अलख
हवलदार मातादीन, शेख पीरअली नायक, अमीर कुदरत अली नायक, शेख हुसैनुद्दीन, शेख नूर मोहम्मद नायक, शीतल सिंह, जहांगीर खान, मीर मोसिन अली, अलीनूर खां, मीर हुसैन बख्श, मथुरा सिंह, नारायण सिंह, लाल सिंह, सौदान सिंह, शेख हुसैना बक्श, साहिब दाद खान, विसन सिंह, बलदेव सिंह, शेख नुंदू, नवाब खां, शेख रमजान अली, मोहम्मद खान, मक्खन सिंह, दुर्गा सिंह प्रथम, नसरल्ला बेग, मेहराब खान, दुर्गा सिंह द्वितीय, नबीबक्ष खान, जूरखान सिंह प्रथम, नुदजू खान, जूर खान सिंह द्वितीय, अब्दुल्ला खान, इसेन खान प्रथम, जबरजस्त खान, मुर्तेजा खान, मरजूर सिंह, अजीमुल्लाह खान प्रथम, अजीमुल्लाह खान द्वितीय, काला खान, शेख साधु लल्ला, सालार बक्श खान, शेखरुत अली, द्वारका सिंह, कालका सिंह, रघुवीर सिंह, बलदेव सिंह, दर्शन सिंह, इदाद हुसैन, पीर खान प्रथम, मोती सिंह, शेखफजल इमाम, हीरा सिंह, सेवा सिंह, मुरादशेर खान, शेख आरामअली, काशी सिंह, अशरफ अली खान, कादर दाद खान, शेख रुस्तम, भगवान सिंह, मीर इम्दाद अली, शिवबक्ष सिंह, लक्ष्मण सिंह, शेख इमामबक्श, उस्मान खान, दरियाव सिंह, मसूद अली खान, शेख गयास बख्श, शेख उन्मेद अली, अब्दुल वहाब खान, रामसहाय सिंह, पन्हा अली खान, लक्ष्मण दुबे, रामशरण सिंह, शेख ख्वाजा अली, शिव सिंह, शीतल सिंह, मोहन सिंह, विलायत अली खान, शेख मोहम्मद ख्वाजा, इंद्र सिंह, फतह खान, मेकू सिंह, शेख कासम अली व रामचरण सिंह आदि शामिल हैं।