टोल पर ही धरने पर बैठे किसान
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संगठन कमजोर हुआ तो कोई भी नहीं बचेगा
भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत का कहना है कि किसानों के सामने मुश्किल हालात हैं। खाद, बिजली, मजदूरी के रेट बढ़ रहे हैं। फसलों के उत्पादन में खर्च बढ़ गया है, लेकिन सरकार के मंत्री कह रहे हैं हर साल गन्ने की फसल के दाम नहीं बढ़ेंगे। किसान संगठन कमजोर हुआ तो कोई भी नहीं बचेगा। सभी को भेदभाव भुलाकर आंदोलन करना होगा। आंदोलन की कमजोरी किसानों की हार होगी।
किसान भवन पर आयोजित पंचायत में नरेश टिकैत ने कहा कि 10 बीघा जमीन के मालिक को नाै बीघा जमीन का मुआवजा दिया जा रहा है। हाईवे, आवासीय कॉलोनी के नाम पर किसानों की महंगी जमीन छीनी जा रही है। भेदभावपूर्ण मुआवजा दिया जा रहा है।