यूपी के मेरठ में रविवार को कोरोना महामारी के बीच चार माह के लाॅकडाउन के बाद पहली बार प्रतियोगी परीक्षा का आयोजन किया गया। जिले में 44 केंद्रों पर 18800 अभ्यर्थी बीएड की प्रवेश परीक्षा देनी है। सुबह आठ बजे से ही अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों पर पहुंच गए। सभी अभ्यर्थियों को मास्क पहनना और सैनिटाइजर रखना आवश्यक किया गया है। हालांकि परीक्षा केंद्रों पर सोशल डिस्टेंसिंग का जमकर उल्लंघन हुआ।
मार्केट बंद होने की वजह से किसी को बाहर कोई सामान नहीं मिलेगा, इसलिए अभ्यर्थियों को खाने पीने की वस्तुएं अपने साथ रखने के निर्देश दिए गए थे। वहीं पहली पाली की परीक्षा के बाद अभ्यर्थियों को कैंपस में ही रहना होगा। केंद्रों पर थर्मल स्कैनिंग के बिना एंट्री प्रतिबंधित है। वहीं सेंटरों पर नोटिस चस्पा किया गया है कि अगर किसी छात्र को बुखार है तो वह इसकी जानकारी पहले ही दे दे, उसकी परीक्षा दूसरे कक्ष में कराई जाएगी।
प्रथम पाली की परीक्षा सुबह नौ बजे से 12 बजे तक हुई। वहीं द्वितीय पाली की दोपहर दो बजे से पांच बजे तक होगी। सीसीटीवी की निगरानी में होने वाली प्रवेश परीक्षा के लिए 17 सेक्टर और 44 स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। सभी सेंटरों को सैनिटाइज कर दिया गया है।