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Vikas Dubey: पुलिस को नहीं पता विकास दुबे के खजांची जय ने किन सरकारी जमीनों पर किया कब्जा

Sat, 01 Aug 2020 10:46 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा सूरज शुक्ला, अमर उजाला, कानपुर
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vikas dubey news - फोटो : amar ujala
दहशतगर्द विकास दुबे का साथी जय बाजपेई और उसके गैंग ने शहर में किन-किन सरकारी जमीनों पर कब्जा कर रखा है, इसकी जानकारी पुलिस को नहीं है। हैरानी की बात यह है कि पुलिस ने करीब 15 दिनों तक जय और उसके भाइयों से पूछताछ की थी। इनका आपराधिक इतिहास भी कई सवाल पुराना है। इसके बावजूद पुलिस लापरवाह बनी रही।

 
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vikas dubey news: Jai bajpai - फोटो : amar ujala
बिकरू कांड में जय बाजपेई की भूमिका सामने आई थी। वारदात से एक दिन पहले उसने विकास को असलहा, कारतूस और दो लाख रुपये मुहैया कराए थे। इसके बाद उसको फरार कराने की साजिश भी रची थी। दो सप्ताह तक पूछताछ करने के बाद पुलिस ने जय को जेल भेज दिया था।

 
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vikas dubey news - फोटो : amar ujala
गुरुवार को नजीराबाद पुलिस ने जय, उसके भाई शोभित, अजय और रजय पर गैंगस्टर की कार्रवाई की। सरकारी जमीन कब्जा करने की एफआईआर भी दर्ज की। हालांकि पुलिस अधिकारी ये नहीं बताकर पा रहे हैं कि आखिर कहां और कौन सी जमीनों पर इन सभी ने कब्जा किया है। अब सवाल यह है कि क्या सही में पुलिस को जानकारी नहीं है या फिर जानकारी छिपा रहे हैं।

 

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vikas dubey news - फोटो : amar ujala
अब तक अपराधी भाइयों पर थी पुलिस की मेहरबानी
नजीराबाद इंस्पेक्टर ज्ञान सिंह के मुताबिक जय पर छह, उसके भाई शोभित पर दो, अजय पर तीन और रजय पर चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। इसमें डकैती, लूट, मारपीट, बलवा आदि के केस शामिल हैं। ये केस पिछले एक दशक में दर्ज किए गए हैं। सवाल है कि आखिर बिकरू कांड से पहले पुलिस की मेहरबानी शातिर भाइयों पर क्यों थी। यहां तक कि जय पुलिस से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों का भी कारखास बना घूमता था। अब जब इतनी बड़ी वारदात हुई तो अफसरों के दबाव में आनन-फानन में उस पर कार्रवाई की।

 
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Kanpur encounter - फोटो : अमर उजाला
अफसरों से साठगांठ कर कब्जा की जमीनें
जय के कई मकान और फ्लैट में पुलिस के अलावा अन्य कई अफसर रहते हैं। इसके एवज में वह उनसे बड़े काम करवाता था। सूत्रों के मुताबिक जमीनों पर जो भी इस गैंग ने कब्जे किए, उसमें कई अफसरों ने भी साथ दिया। किन जमीनों पर कब्जे हैं, इसका खुलासा न करने का एक ये भी वजह हो सकती है। अगर इसका पता चला तो ये सार्वजनिक हो जाएगा कि किस अधिकारी के कहने पर स्थानीय पुलिस ने जय को कब्जा कराया। हालांकि ईडी और आयकर विभाग की जांच में ये सभी तथ्य सामने आ सकते हैं।
 

जय और उसके गैंग ने किन-किन सरकारी जमीनों पर कब्जा किया है। अभी इसकी जानकारी नहीं है। मामले में केस दर्ज किया गया है। विवेचना में इसकी जानकारी जुटाई जाएगी।
गीतांजलि सिंह, सीओ नजीराबाद

जय और उसके गैंग ने सरकारी जमीनों पर कब्जे किए हैं। कब्जा कहां, किस जमीन पर किये गए हैं, ये गोपनीय है।
ज्ञान सिंह, इंस्पेक्टर नजीराबाद

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