उज्जैन के महाकाल मंदिर से गिरफ्तार किए गए सीओ समेत आठ पुलिस वालों के हत्यारे विकास दुबे को शुक्रवार सुबह पुलिस ने ढेर कर दिया। यूपी एसटीएफ ने विकास दुबे मुठभेड़ मामले में प्रेस नोट जारी किया है। जिसमें लिखा है "मार्ग पर अचानक से गाय-भैंसों का एक झुंड भागता हुआ आया। उन्हें बचाने की कोशिश में चालक ने वाहन को मोड़ा जिससे वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया।" जिसके बाद इस गाड़ी में सवार विकास दुबे इंस्पेक्टर की पिस्टल लूटकर भागने लगा।
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kanpur encounter
- फोटो : amar ujala
पुलिस ने पीछा किया तो फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में विकास मारा गया। मुठभेड़ में एसटीएफ के दो सिपाहियों को गोली लगी, जबकि कार पलटने से नवाबगंज इंस्पेक्टर समेत पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए। दो जुलाई की रात चौबेपुर गांव के बिकरू गांव में हुई मुठभेड़ में सीओ समेत आठ पुलिस वालों की हत्या करने के बाद से विकास दुबे फरार था।
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उज्जैन पुलिस ने महाकाल मंदिर से उसे बृहस्पतिवार सुबह गिरफ्तार किया था। इसके बाद यूपी एसटीएफ और कानपुर पुलिस की टीम उसे लेने पहुंची। देर शाम टीमें कुख्यात बदमाश विकास को लेकर कारों से रवाना हुईं। सुबह करीब साढ़े छह बजे भौंती हाईवे पर महिंद्रा टीयूवी 100 पलट गई। बताया जा रहा अचानक सामने गाय भैसों का एक झुंड आ गया। जिसको बचाने में हादसा हो गया। विकास इसी कार में सवार था।
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कार पलटते ही विकास ने नवाबगंज इंस्पेक्टर रमाकांत पचौरी की पिस्टल लूटी और खेतों की तरफ भागा। दूसरी कार में सवार एसटीएफ की टीम ने विकास दुबे का पीछा करना शुरू किया। तभी विकास ने गोलियां चला दीं। एसटीएफ की जवाबी कार्रवाई में विकास दुबे ढेर हो गया। पुलिस ने उसके पास से लूटी गई 9 एमएम की पिस्टल बरामद कर ली है। पुलिस ने विकास के शव को पोस्टमार्टम के लिए हैलट भेजा।
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एसटीएफ के दो कमांडो को लगी गोली, हादसे में चार घायल
सड़क हादसे में इंस्पेक्टर रमाकांत पचौरी, दरोगा पंकज सिंह, दरोगा अनूप, सिपाही सत्यवीर और प्रदीप कुमार घायल हो गए। वहीं मुठभेड़ में एसटीएफ के कमांडो शिवेंद्र सेंगर और विमल कुमार गोली लगने से घायल हुए। शिवेंद्र के पैर तो विमल के हाथ में गोली लगी है। सभी की हालत खतरे से बाहर है। छह का इलाज हैलट और एक का इलाज कल्याणपुर सीएचसी में चल रहा है।
विकास के तीन से चार गोलियां मारी गईं
पुलिस ने विकास के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। फिलहाल अभी तक पंचनामा नहीं भरा गया है। इसके बाद पोस्टमार्टम कराया जाएगा। फोरेंसिक टीम के मुताबिक तीन से चार गोलियां विकास को लगी हैं। पोस्टमार्टम में पूरी तरह से स्पष्ट हो पाएगा।
विकास दुबे पुलिस कस्टडी से पिस्टल लूटकर भागने लगा था। पीछा करने पर उसने गोलियां चलाईं। इसमें एसटीएफ के दो सिपाहियों को गोली लगी। जवाबी कार्रवाई में वह मारा गया। सड़क दुर्घटना में चार पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। मोहित अग्रवाल, आईजी रेंज, कानपुर