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विश्व का सर्वाधिक प्रदूषित शहर यूं ही नहीं बना कानपुर, वकीलों ने यहां बताए सुधार के उपाय

Wed, 09 May 2018 12:50 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
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डेमाे पिक
समूचे विश्व में सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर के रूप में कानपुर का नाम आने के बाद वकीलों ने भी गोष्ठी कर चिंता जताई।  साथ ही शहर को प्रदूषण मुक्त करने के उपाय बताए, जिनसे शहर की हवा में घुल रहे प्रदूषण के जहर को कम किया जा सके। 
 
 
 

 
 
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डेमाे पिक
लायर्स एसोसिएशन के नवीन हॉल में हुई गोष्ठी में बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राधाकृष्ण पांडेय ने 25 साल पुरानी डीजल गाड़ियों शहर में प्रवेश न देने की मांग उठाई है।
आईआईटी की डॉ. रीटा सिंह ने कहा कि सड़कों की खुदाई के समय नगर निगम के टेंडर निकाले जाते हैं। इसके बाद कोई अधिकारी जांच करने नहीं जाता कि ठेकेदार ने प्रदूषण रोकने के उपाय किए हैं या नहीं। एसोसिएशन के महामंत्री भानु प्रताप सिंह ने कहा कि अस्पतालों से निकलने वाली गंदगी जलाने के बजाय गड्ढे में दफन की जाए। पूर्व महामंत्री अनूप द्विवेदी ने ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने की बात रखी। साथ ही गंगा सफाई का काम भी जल्द पूरा कराने की मांग की। लॉयर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रामसेवक यादव ने कहा कि टेनरियों को शहर से बाहर स्थापित कराया जाए। 
 
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ये उपाय दूर करेंगे प्रदूषण 

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डेमाे पिक
-  25 साल पुरानी डीजल गाड़ियों को शहर में प्रवेश पर लगे रोक। 
- सड़कों की खुदाई के साथ-साथ प्रदूषण रोकने के उपाय भी किए जाएं। 
- अस्पतालों से निकलने वाली गंदगी जलाने के बजाय गड्ढे में दफन की जाए। 
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डेमाे पिक
- शहर में जगह-जगह पौधरोपड़ को बढ़ावा दिया जाए। 
- गंगा सफाई के कार्य को तेजी से किया जाए। 
- टेनरियों को शहर से बाहर स्थापित कराया जाए। 
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