दुर्घटनाओं के दौरान लक्जरी और हाईटेक कारों के एयर बैग न खुलने की एक बड़ी वजह है। दरअसल बैग कार मालिकों की एक लापरवाही की वजह से ऐनवख्त पर नहीं खुल पाते और कार के अंदर बैठे लोगों की जान चली जाती है।
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कार का एयरबैग सिस्टम फेल होना
दुर्घटना होने पर एयर बैग से लोगों की जान बचती है। अक्सर कार दुर्घटनाओं में एयर बैग नहीं खुलते। उसके पीछे वजह यह सामने आई है कि कार की सुरक्षा के लिए चालक और मालिक आगे-पीछे बंपर लगवा लेते हैं। बंपर की वजह सेंसर ठीक से काम नहीं करता और दुर्घटना के दौरान एयरबैग नहीं खुलते। उन्होंने कहा कि सीट बेल्ट न बांधने में भी एयर बैग नहीं खुलता है।
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कार का एयरबैग सिस्टम फेल होना
फतेहपुर के एआरटीओ कार्यालय में को दुर्घटनाओं से बचाव के लिए वाहन चालकों को जागरूक किया गया। ज्यादातर हादसों में चालकों की लापरवाही उजागर हुई है। एआरटीओ प्रशासन प्रशांत तिवारी व एआरटीओ प्रवर्तन सियाराम वर्मा ने चालकों को प्रशिक्षण दिया। एआरटीओ प्रवर्तन ने बताया कि आधुनिक कारों में एयर बैग की सुविधा दी जाती है।
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कार का एयरबैग सिस्टम फेल होना
दुर्घटना के दौरान एयर बैग से लोगों की जान बचती है। अक्सर कार दुर्घटनाओं में एयर बैग नहीं खुलते। उसके पीछे वजह यह सामने आई है कि कार की सुरक्षा के लिए चालक और मालिक आगे-पीछे बंपर लगवा लेते हैं। बंपर की वजह सेंसर ठीक से काम नहीं करता और दुर्घटना के दौरान एयरबैग नहीं खुलते। उन्होंने कहा कि सीट बेल्ट न बांधने में भी एयर बैग नहीं खुलता है।
एआरटीओ प्रशांत तिवारी ने बताया कि हाईवे पर वाहन चलाते वक्त मुड़ने से सौ मीटर पहले से इंडीकेटर जलाना चाहिए। वाहन काफी रफ्तार में हाईवे पर चलते हैं। इंडीकेटर काफी दूर से जलाने से दुर्घटनाओं से बचा जा सकता है। प्राथमिक इलाज किट रखने, शराब पीकर ड्राइविंग न करने, हेलमेट लगाने आदि सड़क सुरक्षा संबधी उपाय चालकों को बताए गए। इस मौके पर पीटीओ आशुतोष उपाध्याय भी मौजूद रहे। प्रशिक्षण में वाहन चालक, लाइसेंस बनवाने आए चालक शामिल रहे।