भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य नरेश अग्रवाल विरोधियों पर हमला करने का एक भी मौक नहीं छोड़ते। यूपी की 13 लोकसभा सीटों पर 29 अप्रैल को मतदान होना है जिसके लिए 27 अप्रैल तक ही नेता चुनाव प्रचार कर सकते थे। 27 अप्रैल की शाम से इन सीटों पर आचार सहिंता लागू हो गई। इसके बाद चुनाव प्रचार पर भी रोक लगा दी गई।
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मायावती-अखिलेश यादव (फाइल फोटो)
- फोटो : गूगल
नरेश अग्रवाल ने सपा बसपा पर हमला करते हुए बोला कि 23 तारीख को सिद्ध हो जाएगा कि साइकिल पर हाथी बैठने से साइकिल चकनाचूर हो गई। उन्होंने कहा कि पैर छूने से भी बहुत कुछ हासिल नहीं होने वाला। कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी का नाम लेते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें इस मंच से बता देना चाहता हूं कि देशद्रोह की धारा यहां से कभी नहीं खत्म होगी।
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एक मंच पर मुलायम सिंह यादव, मायावती और अखिलेश यादव (फाइल फोटो)
सपा नेता आजम खां की ओर इशारा करते हुए कहा कि बजरंग बली को बजरंग अली कहने वाले को धरती के नीचे जनता पहुंचाने का काम करेगी। हमें जीरो बताने वाले अखिलेश को जनता जल्द ही जीरो से भी नीचे ले जाने वाली है। ड्रम की जरूरत हमें नहीं बल्कि पिता जी और चाचा जी को ज्यादा पड़ने वाली है। इससे पहले नरेश अग्रवाल ने कहा था चुनाव के बाद जनता आजम खां से जूते साफ करवाएगी।
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नरेश अग्रवाल, अखिलेश यादव, मायावती (फाइल फोटो)
सीएसएन कालेज में आयोजित भाजपा की विजय संकल्प रैली में पूर्व राज्य सभा सदस्य नरेश अग्रवाल ने ये बात पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कही। उन्होंने कहा कि राजनीतिक गठबंधन क्षणिक हित के लिए होता है, देशहित के लिए नहीं।
वहीं राज्य सभा सदस्य डॉ. अशोक बाजपेई ने कहा कि एक दूसरे को गाली देने वाले एक मंच पर हैं और मोदी का विरोध कर रहे हैं। लेकिन 130 करोड़ जनता उनको जवाब देने वाली है। उन्होंने सभी से अपील की कि वोट करने जाना तो पांच साल में क्या खोया क्या पाया इसका हिसाब जरूर लगा लेना।