फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: हैवानियत…पहले हाथ-पैर बांधे, कंक्रीट मसाला मुंह में भरकर की हत्या, शरीर पर 12 चोटों के निशान, पढ़ें मामला

Wed, 24 Sep 2025 06:35 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज

सार

Kannauj Crime News: पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने बताया कि सूरज कश्यप शातिर चोर है। लखनऊ के अलग-अलग थानों में उसके ऊपर चोरी व लूट के 19 मुकदमे दर्ज हैं। तीन माह पहले ही सूरज लखनऊ जेल से छूटकर बाहर आया है। अन्य जिलों में भी उसका आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।
विज्ञापन
1 of 11
सुनीता श्रीवास्तव की फाइल फोटो और रोती हुई बेटियां - फोटो : amar ujala
कन्नौज जिले में टाइल्स मिस्त्री और उसके दामाद ने लूट से पहले हैवानियत की सारी हदें पार कर दीं थीं। सुनीता श्रीवास्तव के हाथ-पैर रस्सी ये बांधने के बाद उनके मुंह में सीमेंट-कंक्रीट का मसाला भर दिया। इसके बाद बसुली (हथौड़ा) से सिर पर प्रहार कर निर्ममता से हत्या कर दी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलासा हुआ कि सुनीता के सिर पर वजनदार वस्तु से प्रहार किया गया। उनके शरीर पर 12 चोटों के निशान भी मिले हैं। इससे आशंका जताई जा रही है कि वह काफी देर तक हत्यारोपियों से भिड़ीं थीं।
विज्ञापन

2 of 11
: छाेटी बेटी दीया से बात करते कानपुर रेंज के डीआईजी हरीश चंदर - फोटो : amar ujala
शहर के मोहल्ला कुतलूपुर मकरंदनगर में दिनदहाड़े हत्या और लूट की घटना के बाद मोहल्ले के लोगाें सहित पूरे शहर में आक्रोश है। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद सुनीता के शव को घर पर लाया गया तो भीड़ लग गई। मां के शव को देख दोनों बेटियां बेसुध हो गईं। किसी तरह परिजनों व रिश्तेदारों ने उन्हें संभाला। पांच साल पहले पिता अर्जुन श्रीवास्तव की हादसे में मौत के बाद मां ही उनका सहारा थीं। दीपावली पर नए घर में शिफ्ट होने की योजना थी। दोपहर बाद सुनीता के शव का महादेवी घाट पर अंतिम संस्कार किया गया।
विज्ञापन

3 of 11
मां की मौत के बाद बिलख रही बेटी कोमल श्रीवास्तव - फोटो : amar ujala
आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित
यहां आर्य समाज की रीति के अनुसार मुखाग्नि दी गई। इससे पहले कानपुर रेंज के डीआईजी हरीश चंदर ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और दोनों बेटियों से घटना के बारे में जानकारी ली। डीआईजी के आदेश पर एसपी विनोद कुमार ने हत्या व लूट के आरोपी जसवंत सिंह उर्फ पंकज चौहान व उसके दामाद सूरज कश्यप पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। डीआईजी ने बताया कि हत्यारोपियों की गिरफ्तारी के लिए पांच टीमों को लगाया गया है। जल्द ही दोनों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

4 of 11
छोटी बेटी दीया श्रीवास्तव को संभालते रिश्तेदार व परिजन - फोटो : amar ujala
दामाद-ससुर हैं हत्यारोपी जसवंत व सूरज
सुनीता श्रीवास्तव के मकान में पिछले तीन माह से टायल्स-पत्थर लगाने का काम कर रहे हत्यारोपी जसवंत सिंह उर्फ पंकज चौहान व सूरज कश्यप आपस में ससुर-दामाद हैं। सीओ सिटी अभिषेक प्रताप अजेय ने बताया कि जसवंत सिंह मूलरूप से बलरामपुर जिले के तुलसीपुर का रहने वाला है, जबकि उसका दामाद सूरज कश्यप उन्नाव जिले के फतेहपुर चौरासी थाना क्षेत्र के ग्राम पखरापुर का रहने वाला है। जसवंत पांच साल पहले जब पंजाब के लुधियाना में काम करता था, तभी उसकी जान पहचान सूरज से हुई थी। बाद में सूरज ने जसवंत की बेटी से प्रेम विवाह कर लिया था।
विज्ञापन

5 of 11
आरोपी सूरज और जसवंत - फोटो : amar ujala
शातिर चोर है सूरज, लखनऊ में 19 मुकदमे
पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने बताया कि सूरज कश्यप शातिर चोर है। लखनऊ के अलग-अलग थानों में उसके ऊपर चोरी व लूट के 19 मुकदमे दर्ज हैं। तीन माह पहले ही सूरज लखनऊ जेल से छूटकर बाहर आया है। अन्य जिलों में भी उसका आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। उसके गांव पखरापुर में कोई नहीं रहता है। उसकी एक बहन है, जिसकी शादी हो चुकी है और पिता भी अपनी बेटी के यहां ही रहते हैं। उसके ससुर जसवंत का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। वह डेढ़ साल पहले कन्नौज आया था, जहां टायल्स की दुकानों से संपर्क कर काम करने लगा। दोनों तिर्वा कोतवाली क्षेत्र के फगुहा भट्ठा गांव में विनोद दुबे के मकान में किराये पर रहते थे। जसवंत की बेटी भी साथ थी। घटना के बाद से वह भी फरार है।
विज्ञापन

6 of 11
शव आते ही देखने को उमड़ी लोगों की भीड़ - फोटो : amar ujala
पंजाब गई पुलिस टीम, कई जिलों में दबिश
हत्यारोपी जसवंत सिंह व सूरज कश्यप की तलाश में एसओजी व सर्विलांस समेत पांच टीमें लगीं हैं। एक टीम पंजाब गई है, जहां दोनों लुधियाना समेत कई शहरों में रह चुके हैं। वहीं, यूपी में लखनऊ, उन्नाव, गोंडा, बलरामपुर समेत कई जिलों में पुलिस की टीमें संभावित स्थानों पर दबिश दे रहीं हैं। एसपी ने बताया कि दोनों के पास कोई स्थायी मोबाइल नंबर भी नहीं है। अक्सर वह नंबर बदलते रहते हैं। जिन लोगों के यहां काम कर चुके हैं, उन लोगों ने बताया कि दोनों व्हाट्सएप कॉल से बात अधिक करते थे।
विज्ञापन

7 of 11
कुतलूपुर मोहल्ले में छत पर अंतिम दर्शनों के लिए लगी भीड़ - फोटो : amar ujala
बेटी को दिया गनर, घर पर भी पुलिस तैनात
डीआईजी कानपुर रेंज के निर्देश पर एसपी ने सुनीता की छोटी बेटी दीया श्रीवास्तव को गनर दिया है। वह उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक ठठिया शाखा में कैशियर के पद पर तैनात है। वहीं, बड़ी बेटी की सुरक्षा के लिए घर पर भी महिला पुलिस कांस्टेबल तैनात रहेंगीं। एसपी ने बताया कि दोनों बेटियों की सुरक्षा के लिए महिला कांस्टेबलों को लगाया गया है। इसकी माॅनीटरिंग महिला थानाध्यक्ष सीमा पटेल करेंगीं।

8 of 11
समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण से बात करतीं बेटियां कोमल व दीया - फोटो : amar ujala
मंत्री से बोलीं बेटियां-जिंदा नहीं रहने चाहिए वो...
मंगलवार की देर शाम को सदर विधायक एवं समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण भी कुतलूपुर पहुंचे। उन्हें देखते ही बड़ी बेटी कोमल बोली- मंत्री जी, जिंदा नहीं रहने चाहिए वो..जिन्होंने मेरी मां को इतनी बेरहमी से मार दिया। इस पर मंत्री ने आश्वासन दिया कि योगी सरकार में अपराधी नहीं बच पाएंगे। वहीं, सुनीता के देवर सुनील श्रीवास्तव ने मंत्री से मांग की कि छोटी बेटी दीया का ट्रांसफर शहर में ही कर दिया जाए। सुरक्षा के लिहाज से ठठिया जाना उचित नहीं है। मंत्री ने कहा- कि इस बारे में वह बैंक के अधिकारियों से बात करेंगे। तब तक बेटी को गनर दिया जाएगा।

9 of 11
घटनास्थल पर जांच करते सदर कोतवाल जितेंद्र प्रताप सिंह - फोटो : amar ujala
ये था पूरा मामला
डकैतों ने दिनदहाड़े महिला और बेटी को बंधक बनाकर लाखों की नकदी व जेवर लूट लिए। विरोध करने पर डकैतों ने महिला की हत्या कर दी, जबकि बेटी की हत्या का प्रयास किया, तो उसने पड़ोसी की छत पर कूद कर जान बचाई। बताया गया कि मकान में टाइल्स लगाने वाले ठेकेदार ने अपने भतीजे और नौ अन्य बदमाशों के साथ वारदात को अंजाम दिया है। एसपी ने डकैतों की गिरफ्तारी के लिए तीन टीमों का गठन किया है।

10 of 11
मोहल्ले में पड़ोसियों से पूछताछ करते एसपी विनोद कुमार - फोटो : amar ujala

बंधक बनाकर की थी हत्या
शहर के मोहल्ला कुतलूपुर मकरंदनगर में सोमवार दोपहर दो बजे के करीब 11 डकैतों ने सुनीता श्रीवास्तव (50) और उनकी बेटी कोमल (26) को बंधक बना लिया। डकैतों ने सुनीता के हाथ-पैर बांधकर डाल दिया और कोमल के हाथ-पैर बांधकर मुंह में कपड़ा ठूंस दिया था। एक डकैत ने उसके पेट में चाकू लगा दिया। इसके बाद घर में लूटपाट करते हुए नकदी व जेवर ले लिए और रस्सी से गला कसकर सुनीता की हत्या कर दी।

विज्ञापन

11 of 11
मकान में सीसीटीवी फुटेज देखते मकरंदनगर चौकी प्रभारी करनवीर सिंह - फोटो : amar ujala

मां-बेटी को लेकर जिला अस्पताल ले कर गए
इस बीच किसी तरह कोमल के हाथ-पैर खोल लिए, लेकिन गले में फंदा कसा रहा। वह पड़ोसी सीमा चतुर्वेदी की छत पर कूद गई और उनके जीने का दरवाजा खटखटाया। सीमा की बेटी मेघा ने दरवाजा खोलकर उसे बंधनमुक्त किया, तब उसने डकैती की जानकारी दी। इस बीच डकैत वारदात को अंजाम देकर भाग चुके थे। सुनीता का शव घर में पड़ा था और उनके हाथ-पैर बंधे थे। मोहल्ले के लोग मां-बेटी को लेकर जिला अस्पताल गए, तो डाॅक्टरों ने सुनीता को मृत घोषित कर दिया। सुनीता की छोटी बेटी दीया श्रीवास्तव (22) उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक ठठिया शाखा में कैशियर है। घटना की जानकारी पाकर वह भी जिला अस्पताल पहुंच गई।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें