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यूपी: 5वीं मंजिल से कूदकर अवर अभियंता ने दी जान, सुसाइड नोट में लिखा- बेटी से नफरत और मुझे प्रताड़ित करता है...

Wed, 24 Mar 2021 12:08 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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कानपुर: जूनियर इंजीनियर सुसाइड मामला - फोटो : अमर उजाला
मुझे प्रताड़ित करता है। रुपये मांगता है। ससुराल वाले भी धमकाते हैं। मासूम बेटी का पति इलाज नहीं करवाना चाहता। वह चाहता है कि बेटी मर जाए। यह आपबीती अवर जूनियर इंजीनियर रजनी त्रिपाठी ने सुसाइड नोट में लिखी है। उनके पिता ने भी घटना के बाद यही आरोप लगाए हैं।


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कानपुर: जूनियर इंजीनियर सुसाइड मामला - फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने इसी आधार पर दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर रजनी के पति शिवम को गिरफ्तार कर लिया है। बताते चलें कि कानपुर में डीएमएसआरडीई (डिफेंस मटीरियल एंड स्टोर रिसर्च एंड डेवलपमेंट इस्टैब्लिशमेंट) की अवर अभियंता रजनी त्रिपाठी (30) ने मंगलवार को 60 साइंटिस्ट हॉस्टल की पांचवी मंजिल से कूदकर जान दे दी थी।

 
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इंस्पेक्टर दधिबल तिवारी ने बताया कि अंग्रेजी में लिखा गया सुसाइड नोट फोरेंसिक टीम ने कब्जे में लेकर सील कर दिया है। उसमें पति पर प्रताड़ित करने का आरोप है। इसके अलावा अन्य गंभीर आरोप भी हैं। जांच की जा रही है। इधर घटना के बाद से बदहवास पिता डीएस त्रिपाठी ने बताया कि जब से रजनी ने बेटी को जन्म दिया तब से शिवम पत्नी से बात नहीं कर रहा था। पोती को इन्फेक्शन हो गया, तो शिवम कह रहा था कि वह एक चैलेंजिंग बच्ची होगी। इसलिए इसका इलाज न कराओ। तब से वे खुद इलाज करवा रहे थे।

 

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कानपुर: जूनियर इंजीनियर सुसाइड मामला - फोटो : अमर उजाला
जेठ ने दी थी जान से मारने की धमकी
डीएस त्रिपाठी के मुताबिक रजनी के जेठ ने उसको जान से मारने की धमकी दी थी। इसलिए वह मायके में आकर रह रही थी। शिवम आए दिन उससे पैसे मांगता था। ससुराल वाले दहेज की भी मांग करते थे। यहीं से कलह शुरू हुई और रजनी आखिर खुदकुशी करने पर मजबूर हो गई। डीएस त्रिपाठी कह रहे थे कि मेरा दामाद दरिंदा है। उसी ने बेटी की जान ले ली।

 
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गेट पर एंट्री दर्ज नहीं, कर्मी बोले पता नहीं कब अंदर आई
रजनी के परिजनों ने बताया कि वह सुबह घर से ड्राइवर के साथ कार से निकली थी। डीएमएसआरडीई के गेट पर उतर गई। वहां से ड्राइवर से कार की चाभी लेकर भीतर चली गई। पुलिस ने जब जांच की तो डीएमएसआरडीई में रजनी की एंट्री नहीं मिली। इस वजह से यह पता नहीं चल सका कि आखिर कितने बजे वो परिसर में गई।

 
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पुलिस को शाम को मिली सूचना
चौकी इंचार्ज कृष्णा नगर आरजे गौतम ने बताया कि उन्हें 4:45 बजे कर्मचारी से सूचना मिली। पता चला है कि इसके बाद वह पांचवीं मंजिल पर पहुंची। जहां कोई नहीं रहता है। सीसीटीवी फुटेज जुटाए जा रहे हैं। एसपी ईस्ट शिवाजी मौके पर पहुंचे।

 
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बड़ा भाई आईआईटी से कर रहा पीएचडी
रजनी की दो छोटी बहन हैं। अंशुल त्रिपाठी बैंक मैनेजर हैं और दूसरी बहन रोषी पढ़ाई कर रही है। इकलौता भाई निखिल त्रिपाठी आईआईटी कानपुर से पीएचडी कर रहा है।
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