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आईपीएस मणिलाल ने सिपाही के जरिये लखनऊ के ट्रांसपोर्टर से मांगे 2 लाख, न देने पर किया था ये घिनौना काम

Sun, 25 Oct 2020 08:27 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा सूरज शुक्ला, अमर उजाला, कानपुर
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मणिलाल पाटीदार आईपीएस - फोटो : amar ujala
महोबा कांड में विजिलेंस की जांच में एक बड़ा खुलासा हुआ है। आरोपी आईपीएस मणिलाल पाटीदार ने लखनऊ के एक ट्रांसपोर्टर से सिपाही के जरिये दो लाख रुपये की उगाही मांगी थी। रकम न देने पर पाटीदार के इशारे पर पुलिस ने ट्रांसपोर्टर के कई डंपरों को सीज कर बंद करवा दिया था। विजिलेंस ने इस संबंध में भी अहम साक्ष्य जुटा लिए हैं। 

 
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इंद्रकांत त्रिपाठी (मृतक कारोबारी) आईपीएस मणिलाल पाटीदार - फोटो : amar ujala
महोबा के कबरई में सात सितंबर को क्रशर कारोबाीर इंद्रकांत त्रिपाठी ने वीडियो वायरल कर तत्कालीन महोबा एसपी आईपीएस मणिलाल पाटीदार पर उगाही का आरोप लगाया था। ये भी कहा था कि अगर उनकी हत्या होती है तो मणिलाल ही जिम्मेदार होंगे। दूसरे दिन वो कार में खून से लथपथ मिले थे। गले में उनके गोली लगी थी।

 
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इंद्रकांत त्रिपाठी (फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala
13 सितंबर को इंद्रकांत की मौत हो गई थी। उगाही के मामले की जांच कानपुर की विजिलेंस यूनिट को दी गई है। जांच के दौरान एक नया मामला संज्ञान में आया। सूत्रों के मुताबिक लखनऊ के एक ट्रांसपोर्टर (पांडेय) के कई डंपर कबरई में चलते हैं। जो खदानों व क्रशर पर लगे हुए हैं।

 

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इंद्रकांत त्रिपाठी हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
जब मणिलाल पाटीदार एसपी थे तो एक सिपाही ने ट्रांसपोर्टर से संपर्क कर उससे दो लाख की उगाही मांगी थी। उसने कहा था कि रकम एसपी को देनी है। जब ट्रांसपोर्टर ने रकम देने से मना कर दिया तो उसके कुछ ही दिन बाद उसके एक के बाद एक कई ट्रकों को जब्त करवा लिया। विजिलेंस को ये अहम तथ्य मिला है। जांच में इसको शामिल कर लिया है। 

 
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इंद्रकांत त्रिपाठी हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
सीडीआर में बातचीत के सुबूत 
ट्रांसपोर्टर ने विजिलेंस से इस मामले की शिकायत की है। विजिलेंस ने उनको बयान के लिए बुलाया है। सूत्रों के मुताबिक इन सभी की जब सीडीआर निकाली गई तो पता चला कि सिपाही ने एक बार कई बार ट्रांसपोर्टर को कॉल की। ये कॉल केवल रकम लेने के लिए ही की गई। इसका सबसे बड़ा कारण ये है कि सिपाही का ट्रांसपोर्टर से और कोई मतलब नहीं है। तो वो कॉल क्यों कर रहा था। सूत्रों का कहना है कि कुछ कॉल रिकॉर्डिंग भी मिली हैं। जिसकी फोरेंसिक जांच कराई जाएगी। 

 
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इंद्रकांत त्रिपाठी - फोटो : अमर उजाला
एसपी दफ्तर में डील करने को बुलाया
सिपाही ने ट्रांसपोर्टर को एसपी के दफ्तार भी बुलाया था। सूत्रों के मुताबिक ट्रांसपोर्टर वहां गए भी थे। ये भी जानकारी मिली है कि एसपी मणिलाल पाटीदार से ट्रांसपोर्टर की सिपाही ने मुलाकात भी कराई थी। इसकी पुष्टि भी सीडीआर से जांच टीम करेगी। कुलमिलाकर एसपी के खिलाफ भ्रष्टाचार और उगाही के तमाम अहम तथ्य शुरुआती जांच में मिले हैं। बाकी जांच जारी है।
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