हरदोई में राजस्थान के कोटा में छह अलग-अलग कोचिंग संस्थानों में पढ़ाई कर रहे 21 विद्यार्थी रोडवेज बस से रविवार शाम अपने जिले पहुंच गए। इन सभी को पहले जिला अस्पताल ले जाया गया और फिर यहां से सीएसएन डिग्री कालेज में बने क्वारंटीन सेंटर भेजा गया। क्वारंटीन सेंटर में इन सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की गई।
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छात्रा की थर्मल स्क्रीनिंग करते स्वास्थ्यकर्मी
- फोटो : amar ujala
रैपिड टेस्ट किट आने तक सभी विद्यार्थियों को सीएसएन डिग्री कालेज में ही रोका गया है। जांच के बाद ही इन सभी को जाने दिया जाएगा। जनपद के 21 विद्यार्थी कोटा के छह कोचिंग संस्थानों में पढ़ाई कर रहे थे। कोरोना संकट के कारण हुए लॉकडाउन में यह सभी बच्चे कोटा में ही रुक गए थे। जब लॉकडाउन तीन मई तक के लिए बढ़ गया तो इन बच्चों को घर वापस भेजने की कवायद शुरू हुई।
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जिला अस्पताल के बाहर खड़ी विद्यार्थियों से भरी बस
- फोटो : amar ujala
इसी क्रम में फर्रुखाबाद डिपो की रोडवेज बस से कोटा से 21 विद्यार्थी और एक विद्यार्थी की मां रविवार शाम हरदोई पहुंचीं। जनपद में प्रवेश के समय सीमा पर पाली के प्रभारी निरीक्षक डीपी सिंह, सवायजपुर के तहसीलदार मूसाराम थारू ने बस में सवार सभी बच्चों की कुशलक्षेम पूछी और पानी पिलाया। इसके बाद बस को हरदोई के लिए रवाना कर दिया गया। हरदोई में बस जिला अस्पताल पहुंची, लेकिन यहां किसी भी बच्चे की थर्मल स्क्रीनिंग नहीं हुई।
सीएसएन डिग्री कालेज में विद्यार्थियों की सूची बनाते कर्मचारी
- फोटो : amar ujala
इसके बाद बस को सीएसएन डिग्री कालेज परिसर में बने क्वारंटीन सेंटर के बाहर ले जाया गया। यहां विद्यार्थियों को बस से उतारकर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने थर्मल स्क्रीनिंग की। नगर मजिस्टे्रट जंगबहादुर यादव ने बताया कि अभी सभी 21 विद्यार्थियों और एक महिला को सीएसएन परिसर में रोका गया है। कोरोना की रैपिड जांच की किट आने का इंतजार किया जा रहा है। इस किट के आने के बाद सभी का टेस्ट कर इन्हें होम क्वारंटीन किया जाएगा।
शाहजहांपुर के भी छह विद्यार्थी थे सवार
पाली के प्रभारी निरीक्षक डीपी सिंह ने बताया कि बस में शाहजहांपुर के भी छह बच्चे सवार थे। यह बच्चे भी कोटा में कोचिंग कर रहे थे। इन बच्चों को हरदोई से शाहजहांपुर भेज दिया गया है।