डीजी सीबीसीआईडी वीरेंद्र कुमार ने जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक की
- फोटो : अमर उजाला
कानपुर में पुलिस लाइन का सभागार बुधवार को डीजी सीबीसीआईडी के सामने जब सपा के प्रवक्ता ने जाम का मुद्दा उठाया तो महापौर ने उसका खंडन करते हुए उनको चुप करवाने की कोशिश की। इस पर सपा के जिलाध्यक्ष अपने नेता का समर्थन किया । साथ ही उन्होंने आईपीएस अधिकारी को कुर्सी से हटाने को लेकर महापौर पर टिप्पणी की। मामला बढ़ता देख वहां मौजूद अन्य अधिकारियों ने मामला शांत कराया।
डीजी सीबीसीआईडी वीरेंद्र कुमार ने जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक बुलाई। देरी से पहुंचने पर वीरेंद्र कुमार ने जाम का हवाला दिया। इस पर सपा प्रवक्ता कुलदीप यादव ने कहा कि शहर की सबसे बड़ी मुसीबत जाम है। पिछली सरकार में ऐसा नहीं था। यह सुनते ही महापौर प्रमिला पांडेय ने कहा कि त्योहारी सीजन के कारण सड़कों पर भीड़ बढ़ी है। बाकी ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार हुआ है।
इतने में दोनों के बीच विवाद होने लगा। वहीं ट्रेनी आईपीएस को उठाकर कुर्सी पर बैठने पर सपा के जिलाध्यक्ष अब्दुल मोइन खान ने महापौर पर टिप्पणी की। इस पर उनकी महापौर से तीखी बहस हुई।
बैठक में भाजपा के गोविंदनगर विधानसभा सीट से प्रत्याशी सुरेंद्र मैथानी, पूर्व विधायक रघुनंदन सिंह भदौरिया, कांग्रेस, एमएलसी दिलीप सिंह, कांग्रेस पार्टी के शहर अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री, जिलाध्यक्ष नगर ग्रामीण कांग्रेस ऊषारानी कोरी, समेत अन्य प्रतिनिधि मौजूद रहे।
पुलिस पर सवाल, अतिक्रमण मुद्दे पर आमने-सामने
पूर्व विधायक सतीश निगम ने कहा कि अधिकतर मामलों में पुलिस पीड़ित या दोनों पक्षों को चौकी पर कई-कई दिनों तक बैठाए रहती है। विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने कहा कि यूपी 100 व थाने की पुलिस के बीच समन्वय न होने से आम लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ता है। मेयर ने कि नगर निगम अतिक्रमण हटवाता है और पुलिस की मिलीभगत से फिर से अतिक्रमण हो जाता है। डीजी ने कहा कि जो भी खामियां हैं, उन्हें दूर किया जाएगा।
साहब! पुलिस कार्रवाई करने के बजाए आरोपियों को बचा रही
घाटमपुर के कनवापुर गांव निवासी यशपाल ने डीजी से शिकायत करते हुए कहा कि पिछले साल नौ अक्तूबर को उनके घर पर करीब छह लाख की चोरी हुई थी। यशपाल ने बताया कि उनको गांव के जिन लोगों पर चोरी करने का शक है, उनके रिश्तेदार पुलिस में हैं। इसलिए घाटमपुर कार्रवाई नहीं कर रही है। इस पर डीजी ने एसएसपी को कार्रवाई करने को कहा।