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28 लाख नगद, दो किलो सोना, दस किलो चांदी के साथ एआरटीओ में फर्जी कागजात बनाने वाले गैंग का भांडाफाेड़

Mon, 19 Mar 2018 08:40 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
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टावा एआरटीओ दफ्तर से पकड़े गए प्रदीप गुप्ता सहित अन्य को ले जाती पुलिस
यूपी के इटावा जिले में 28 लाख की नगदी, दो किलो सोना, दस किलो चांदी के साथ एआरटीओ में फर्जी कागजात बनाने वाले रैकेट का भांडाफाेड़ हुअा है। इस खुलासे के बाद यूपी के सरकारी विभागाें में तहलका मच गया है। 


 
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इटावा में पकड़े गए लोगों को ले जाती पुलिस।
पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने संभागीय परिवहन अधिकारी के कार्यालय में रविवार दोपहर को छापा मारकर कार्रवाई की। पुलिस ने वहां काम कर रहे एक प्राइवेट कर्मी सहित पांच लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस ने कार्यालय के कंप्यूटर के अलावा अन्य दस्तावेजों को अपने कब्जे में लिया।
 
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इटावा में पकड़े गए लोगों को ले जाती पुलिस।
पूछताछ के बाद पुलिस ने कार्यालय में लिपिक के पद पर तैनात एक महिला कर्मी के घर के अलावा आगरा में छापा मार कार्रवाई कर करीब 28 लाख रुपये नगद, दो किलो सोना व दस किलो चांदी के अलावा फर्जी कागजात, मुहरें बरामद की है। एसएसपी वैभव कृष्ण ने पूरे मामले का खुलासा नहीं किया है। बताया कि छापे की कार्रवाई की जा रही है।

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इटावा में एआरटीओ दफ्तर में सिटी मजिस्ट्रेट सहित अन्य मजिस्ट्रेटों के साथ पुलिस बल।
पुलिस लाइन में शाम को एसएसपी वैभव कृष्ण ने प्रेसवार्ता कर बताया कि जानकारी मिल रही थी कि संभागीय परिवहन विभाग में एक प्राइवेट व्यक्ति काफी समय से काम कर रहा है। वह एक फर्जी कागजात बनाने वाले रैकेट का संचालन कर रहा है। उसके इस खेल में कार्यालय के बाबू भी शामिल है। इस सूचना पर उन्हाेंने कार्यालय में तैनात बाबू व प्राइवेट कर्मी के फोन नंबरों को सर्विलांस पर लगवाकर छानबीन कराई।
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चौगुर्जी में महिला कर्मी के घर छापामारी करने जाती पुलिस।
छानबीन के दौरान पूरा मामला सामने आया। रविवार को चार टीमों का गठन कर छापा मारा तो कार्यालय खुला मिला और वहां पर प्राइवेट कर्मी काम करते हुए मिला। पांच छह लोग और मौजूद थे। पुलिस ने सभी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। तलाशी ली तो कार्यालय से काफी मात्रा में नगदी बरामद हुई।
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बरामद किए गए रुपयों को लिए सिपाही।
पुलिस ने जब प्राइवेट कर्मी से पूछताछ की तो उसने पूरा राज उगल दिया। उसके बाद पुलिस ने चौगुर्जी में रहने वाली महिला क्लर्क बेबी के घर पर दबिश दी तो बेबी पुलिस को देखकर फरार हो गई। पुलिस ने उसके घर से भारी मात्रा में नगदी, कंप्यूटर के अलावा फर्जी कागजात बरामद किए हैं।
 
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जानकारी देते एसएसपी वैभव कृष्ण तथा एएसपी जितेंद्र श्रीवास्तव।
इसके अलावा पुलिस ने प्राइवेट कर्मी की निशानदेही पर आगरा में छापा मारा। वहां सोना, चांदी के अलावा बोरी में रखे रुपये बरामद किए हैं। एसएसपी ने बताया कि पुलिस अभी छापामार कार्रवाई कर रही है। सहायक संभागीय परिवहन विभाग में फर्जी कागजात बनाकर लोगों से अवैध वसूली करने वाला रैकेट कई वर्षों से काम कर रहा था। इस रैकेट का सरगना प्रदीप गुप्ता है। वह कार्यालय में प्राइवेट रूप से काम करता है। 
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