सुख, सौभाग्य, पद, प्रतिष्ठा, सम्मान और वैवाहिक सुख का प्रतिनिधि करने वाले ग्रह गुरु नौ मार्च को सुबह 10:09 बजे से 10 जुलाई को रात 10:46 बजे तक तुला राशि में वक्री हो गए हैं। इन 123 दिनों के बीच यह सभी राशियों को ये प्रभावित करेगा। नौ मार्च 2018 से 10 जुलाई 2018 के बीच में कोई भी भयानक अग्नि कांड हो सकता है या इस कालखंड में देश अपनी कुछ विभूतियों को खो सकता हैं। आम जनमानस को अपनी वाणी व अग्नि के मामलों में संयम बरतना चाहिए।
विज्ञापन
2 of 7
डेमो पिक
वैदिक आचार्य पंडित पवन शुक्ला ने बताया कि वक्री ग्रहों के संबंध में ज्योतिष प्रकाश तत्व ग्रंथ में कहा गया है कि क्रूरा वक्रा महाक्रूरा: सौम्या वक्रा महाशुभा।। अर्थात क्रूर ग्रह वक्री होने पर अतिक्रूर फल देते हैं और सौम्य ग्रह वक्री होने पर अति शुभ फल देते हैं। जातक तत्व और सारावली ग्रंथों के अनुसार यदि शुभ ग्रह वक्री हो तो मनुष्य को धन, वैभव, सुख, सौभाग्य की प्राप्ति होती है, लेकिन क्रूर ग्रह वक्री होने पर धन, यश, सम्मान, प्रतिष्ठा की हानि करते हैं। बृहस्पति सौम्य ग्रह है, इसलिए इसके वक्री होने से समस्त राशि वाले जातकों को कहीं न कहीं इसके शुभ फलों की प्राप्ति होगी।
विज्ञापन
जातकों पर प्रभाव
3 of 7
डेमो पिक
मेष- वैवाहिक कार्यों में आ रही रुकावटें दूर होंगी। दांपत्य जीवन सुखमय होगा। धन संबंधी परेशानियां दूर होंगी। नौकरी, बिजनेस में लाभ होगा। मेष राशि के विद्यार्थी वक्री गुरु के प्रभाव से कोई बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकते हैं। वृषभ- छठा भाव रोग, बीमारियों का स्थान है। वृषभ राशि के लिए गुरु छठे भाव में वक्री होंगे। इन लोगों को मिलाजुला फल मिलने वाला है। शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े जातक लाभ की स्थिति में रहेंगे। मिथुन- संतान की ओर से कोई शुभ समाचार प्राप्त हो सकता है। संतान की वजह से आपको सम्मान प्राप्त होगा। साथ ही धन संबंधी रुकावटें भी दूर होंगी।
4 of 7
डेमो पिक
कर्क- सुखों में वृद्धि होने के संकेत हैं, लेकिन ध्यान रहे जरा भी घमंड की भावना आई या किसी के साथ बुरा किया तो बृहस्पति दंड भी देंगे। सिंह- भाई-बहनों को साथ लेकर चलना होगा। किसी बात पर मनमुटाव हो तो आप ठंडे दिमाग से काम लेते हुए मामले को सुलझा लें। धन का आगमन अच्छा होने वाला है। पैतृक संपत्ति प्राप्त होगी। नया भवन, भूमि, वाहन खरीदने के योग बन रहे हैं। कन्या- दो तरह की स्थितियां बन सकती हैं। या तो अचानक कहीं से खूब सारा धन प्राप्त होगा या अचानक कोई बड़ी धन राशि गंवानी पड़ सकती है। निवेश के संबंध में सावधान रहें।
विज्ञापन
5 of 7
डेमो पिक
तुला- प्रथम भाव का गुरु अत्यंत शुभ होता है। इसलिए तुला राशि के जातकों को बृहस्पति के शुभ प्रभाव प्राप्त होंगे। रुके हुए सभी काम तेजी से होने लगेंगे। धन का आगमन अच्छा होगा। वृश्चिक- अचानक खर्च बढ़ने से इस राशि वाले मानसिक तनाव में आ जाएंगे, लेकिन घबराएं नहीं जल्द ही सारी चीजें व्यवस्थित हो जाएंगी। पारिवारिक जीवन में सुख, शांति बनी रहेगी। धनु- इस राशि का स्वामी ही बृहस्पति है और ग्यारहवें भाव में वक्री होगा। धन संबंधी मामलों में आ रही परेशानियां दूर होंगी। नौकरीपेशा लोगों का प्रमोशन के साथ स्थानांतरण का योग है। अविवाहितों को विवाह सुख मिलेगा।
विज्ञापन
6 of 7
डेमो पिक
मकर- नौकरीपेशा लोग सतर्क रहें, कोई साथी ही आपकी प्रतिष्ठा धूमिल करने का प्रयास करेगा। उच्च अधिकारियों से अच्छा तालमेल बनाकर चलें। प्रमोशन होगा। वैवाहिक जीवन सुखद रहेगा। आर्थिक संकट दूर होगा। वाहन खरीदने के योग हैं। कुंभ- धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। संपत्ति के बंटवारे को लेकर भाई-बंधुओं से विवाद हो सकता है। इस राशि के युवाओं को कोई बड़ा जॉब आफर हो सकता है। प्रेम संबंध प्राप्त होंगे। दांपत्य जीवन में मधुरता आएगी। मीन- यह बृहस्पति की ही राशि है, लेकिन अष्टम स्थान शुभ नहीं होता है, इसलिए इस राशि के जातकों को वक्री गुरु का मिलाजुला प्रभाव दिखाई देगा। तनाव के कारण नकारात्मकता हावी होने लगेगी। शारीरिक अस्वस्थता महसूस करेंगे।
देवगुरु बृहस्पति को सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह माना जाता है। वैदिक आचार्य पंडित पवन शुक्ला के मुताबिक गुरु स्थूल शरीर, गोरे रंग, कफ प्रकृति, पीली आंखें और पीतम युक्त बाल वाले विद्वान हैं। सूर्य, चंद्र और मंगल ग्रह गुरु के मित्र हैं जबकि बुध और शुक्र शत्रु हैं। शनि ग्रह के प्रति उनका समानता का भाव रहता है। औसतन एक वर्ष एक राशि में भ्रमण करने के कारण इनके गोचर का प्रभाव शनि की भांति ही स्थायी रहता है।