कानपुर के यतीमखाना में बवाल के दौरान मुस्लिम समाज के लोगों ने पुलिस अधिकारियाें से बातचीत की पेशकश की। इस पर एडीजी प्रेम प्रकाश ने दो टूक कहा कि हिंसा और बातचीत एक साथ नहीं होगी। बातचीत के बाद भी बवाल हो रहा है। अगर बात करनी हो तो बवाल शांत कराओ।
विज्ञापन
2 of 5
कानपुर में हिंसा
- फोटो : अमर उजाला
एडीजी की सख्ती के बाद सभी वहां से चले गए लेकिन हिंसा बंद नहीं हुई। उधर बवाल के बाद पुलिस प्रशासन कर्फ्यू लगाने की तैयारी में है। यतीमखाना में दोपहर तीन बजे से बवाल शुरू हुआ। शाम करीब साढ़े पांच बजे नमाज के बाद मुस्लिम समाज के कुछ लोग एडीजी प्रेम प्रकाश, डीएम विजय विश्वास पंत व एसएसपी अनंत देव से मिलने पहुंचे और बातचीत कर हल निकालने का दावा किया।
विज्ञापन
3 of 5
कानपुर में हिंसा
- फोटो : अमर उजाला
एडीजी ने उन्हें स्पष्ट रूप से मना कर दिया। कहा सभी गलियों में हजारों उपद्रवी बवाल, पथराव और फायरिंग कर रहे हैं। ये सब बातचीत करने के बाद ही हो रहा है। इसलिए अब बात नहीं होगी।
4 of 5
कानपुर में हिंसा
- फोटो : अमर उजाला
कर्फ्यू लगा तो खैर नहीं
लगातार दो दिनों तक हिंसा होने के बाद पुलिस व प्रशासनिक अफसरों के सामने हालात सामान्य करना चुनौती बन गया है। हालांकि पुलिस बल पर्याप्त है। एडीजी प्रेम प्रकाश ने बताया कि भीड़ पर कार्रवाई जारी है। अगर फिर भी उपद्रवी नहीं माने तो कर्फ्यू लगाया जाएगा। उसके बाद उपद्रवियों पर कार्रवाई की जाएगी।
मस्जिद में फंसे लोगों को पुलिस ने निकाला
हिंसा के वक्त यतीमखाना स्थित मस्जिद में आठ-दस लोग फंस गए थे। इसमें कई छोटे बच्चे भी थे। वहीं दुबके बैठे रहे। रात करीब आठ बजे काजी ने पुलिस को इसके बारे में जानकारी दी। तब एसएसपी व डीएम के आदेश पर सभी को बाहर निकाल उनको घर भेजा गया।