विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने प्रांत संयोजक दुर्गेश त्रिपाठी के नेतृत्व में जनकपुर , नेपाल से वापस लौटी राम बरात का स्वागत कोनी मोड़ एवं कालेसर के फोरलेन पर किया। उत्साहित कार्यकर्ताओं ने बरात के आने पर पटाखे जलाए, बैंड बाजे के साथ उनका स्वागत किया।
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नेपाल से आई राम बारात का स्वागत करते शहरवासी
- फोटो : अमर उजाला
रथ पर बैठे राम दरबार का पूजन अर्चन और आरती की गई। स्वागत के दौरान बरातियों को भोजन एवं जलपान कराया गया।
विहिप के प्रांत संगठन मंत्री प्रदीप पांडेय ने बताया कि भारत और नेपाल राजनीतिक दृष्टि से दो अलग राष्ट्र होते हुए भी उनकी सांस्कृतिक विरासत में अंतर नहीं है। राम-जानकी विवाह जैसे आयोजन मौजूदा हालात में भारत और नेपाल की संस्कृति व एकता को सुदृढ़ और नई ऊर्जा प्रदान करते हैं।
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नेपाल से आई राम बारात का स्वागत करते शहरवासी
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दुर्गेश त्रिपाठी ने बताया कि इसी को ध्यान में रखते हुए धर्म यात्रा महासंघ एवं राम जानकी विवाह बरात आयोजन समिति ने पांच साल के अंतराल पर इस वर्ष 21 नवंबर को श्री राम जानकी विवाह बरात अयोध्या से प्रस्थान कर यूपी व बिहार राज्य के विभिन्न मार्गों से होती हुई 28 नवंबर को जनकपुर, नेपाल पहुंची।
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नेपाल से आई राम बारात का स्वागत करते शहरवासी
- फोटो : अमर उजाला
वहां पर तिलकोत्सव, मटकोर, कन्या पूजन, विवाह उत्सव और राम कलेवा सामूहिक विवाह के बाद तीन दिसंबर को प्रात: जनकपुर से प्रस्थान कर वीरगंज नेपाल, मोतिहारी, गोपालगंज, गोरखपुर होते हुए बुधवार की देर रात तक अयोध्या वापस हो जाएगी।