अदालत से राहत के बाद पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह का शक्ति प्रदर्शन देखने को मिला। उन्होंने कहा कि झुक जाता तो किरदार का कत्ल हो जाता। रोड शो, पुष्पवर्षा और जयघोष के बीच 'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा' निकाली गई। आगे पढ़ें पूरी खबर...
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बृजभूषण शरण सिंह की 'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा'।
- फोटो : वीडियो ग्रैब
महिला पहलवानों से जुड़े यौन उत्पीड़न के मामले में अदालत से राहत मिलने के बाद भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने बृहस्पतिवार को गृह जनपद यूपी के गोंडा में शक्ति प्रदर्शन किया। अयोध्या से नंदिनी नगर महाविद्यालय तक निकली 'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा' में बड़ी संख्या में समर्थक शामिल हुए। कई स्थानों पर पुष्पवर्षा, ढोल-नगाड़ों और आतिशबाजी के बीच उनका स्वागत किया गया। उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया।
बृजभूषण शरण सिंह सुबह चार्टर्ड विमान से अयोध्या स्थित महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पहुंचे। वहां समर्थकों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद वह सिद्धपीठ हनुमानगढ़ी पहुंचे, जहां आरती का समय होने के कारण बाहर से ही दर्शन-पूजन कर संतों का आशीर्वाद लिया। इसके बाद खुली जीप से नंदिनी नगर महाविद्यालय के लिए रवाना हुए। यात्रा मार्ग पर जगह-जगह स्वागत द्वार बनाए गए थे। समर्थकों ने जेसीबी मशीनों से पुष्पवर्षा की। सैकड़ों चार पहिया और दोपहिया वाहनों का काफिला उनके साथ चला।
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बृजभूषण शरण सिंह की 'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा'।
- फोटो : वीडियो ग्रैब
नंदिनी नगर महाविद्यालय पहुंचने से पहले उन्होंने नंदिनी गोमाता मंदिर में पूजा-अर्चना की। सम्मान समारोह में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच बटुकों ने उनका तिलक कर स्वागत किया। कार्यक्रम में पहुंचे समर्थकों के लिए महाभोज का आयोजन किया गया, जबकि प्रसाद वितरण के लिए करीब 40 क्विंटल लड्डू तैयार कराए गए थे।
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'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा' के बाद कार्यक्रम में बृजभूषण शरण सिंह।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
सभा को संबोधित करते हुए बृजभूषण शरण सिंह ने दावा किया कि उनके खिलाफ लगाया गया मामला राजनीतिक साजिश का हिस्सा था। उन्होंने कहा कि यदि वह दबाव में आकर समझौता कर लेते या झुक जाते तो मामला उसी समय समाप्त हो जाता, लेकिन उनके चरित्र और व्यक्तित्व को स्थायी क्षति पहुंचती। वह पहले भी स्पष्ट कर चुके थे कि यदि एक भी आरोप सही साबित होता तो वह सजा भुगतने को तैयार रहते, लेकिन झूठे आरोपों के सामने झुकना स्वीकार नहीं किया।
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'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा' में जन सैलाब।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
उन्होंने कहा कि उनके जीवन में विवाद नए नहीं हैं और कई बार बिना किसी कारण उनका नाम विवादों में जोड़ा गया, लेकिन हर बार वह सत्य के बल पर बाहर निकले। संतों का आशीर्वाद और जनता का विश्वास उनके साथ रहा। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके खिलाफ चला आंदोलन अभूतपूर्व था। 'सत्यमेव जयते' केवल नारा नहीं, बल्कि सत्य की विजय का प्रतीक है। कठिन समय में समर्थकों का विश्वास ही उनकी सबसे बड़ी ताकत बना। उन्होंने कार्यक्रम में पहुंचे लोगों का आभार भी व्यक्त किया।
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'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा'।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
कार्यक्रम में गोंडा सदर विधायक प्रतीक भूषण सिंह, विधायक पलटू राम, विधायक प्रेम नारायण पांडेय, रमापति शास्त्री, विधान परिषद सदस्य अवधेश कुमार सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष अकबाल बहादुर तिवारी, जिला पंचायत अध्यक्ष घनश्याम मिश्रा सहित कई जनप्रतिनिधि, संत और बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे।
'सत्यमेव जयते सम्मान यात्रा' के बाद नंदिनी नगर में पूजा करके निकलते बृजभूषण शरण सिंह।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
पहलवान किसी के हाथों की कठपुतली बन गए थे : करण भूषण
कैसरगंज सांसद करण भूषण सिंह ने कहा कि उनके पिता के खिलाफ पूरा मामला राजनीतिक षड्यंत्र था। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोप लगाने वाले पहलवान किसी के हाथों की कठपुतली बन गए, जिससे उनके खेल जीवन पर भी असर पड़ा। उन्होंने पहलवानों से फिर से कुश्ती के मैदान में लौटकर खेल पर ध्यान देने की अपील की।