उत्तर प्रदेश के बागपत में जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव में शनिवार को नामांकन से पूर्व बड़ा राजनीतिक उलटफेर देखने को मिला। रालोद की प्रत्याशी ममता ने सवेरे ही भाजपा का दामन थाम लिया। सांसद के साथ सोशल मीडिया पर उनके फोटो वायरल हुए तो रालोद नेतृत्व सकते में आ गया। इससे विपक्ष के पास कोई प्रत्याशी नहीं रह गया। किरकरी से बचने के लिए रालोद नेता पूरी ताकत के साथ डैमेज कंट्रोल में जुट गए। चंद घंटे बाद ही ममता अपने पति जयकिशोर के साथ रालोद के जिला कार्यालय पहुंच गईं।
रालोद प्रत्याशी ममता ने अपने पति जयकिशोर के साथ पत्रकारों के समक्ष आरोप लगाया कि कुछ भाजपा नेता फर्जी मुकदमे दर्ज कराने की धमकी देकर उन्हें जबरन सांसद डॉ. सत्यपाल सिंह के यहां ले गए थे। वे किसी तरह वहां से निकलकर पार्टी कार्यालय आए हैं। वह हमेशा रालोद के सिपाही रहे हैं, भविष्य में भी रहेंगे। इस दौरान जयकिशोर फूट-फूटकर रो पड़े। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव राजेंद्र शर्मा, क्षेत्रीय अध्यक्ष यशवीर सिंह, जिलाध्यक्ष डॉ. जगपाल सिंह तेवतिया, पूर्व विधायक वीरपाल राठी आदि रालोद नेताओं ने उन्हें किसी तरह संभाला।