फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Amroha Pataka Factory Blast: किसी का सिर तो किसी का हाथ था धड़ से अलग, अपनों को देख डरे अपने; देखें भयवाह मंजर

Tue, 17 Jun 2025 07:44 PM IST
विकास कुमार अनिल चौहान, अमर उजाला, अमरोहा

सार

फायर स्टेशन प्रभारी कमलेश मिश्र ने बताया कि फैक्टरी की एनओसी और सभी तरह के मानक पूरे थे। फैक्टरी संचालक फायर बिग्रेड के मानकों का उल्लंघन नहीं कर रहा था। हादसा कैसे हुआ, इसमें किसी की लापरवाही रही किसी कारण से इसका खुलासा जांच में होगा।
 
विज्ञापन
1 of 9
अमरोहा पटाखा फैक्टरी ब्लास्ट - फोटो : अमर उजाला
अमरोहा पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के बाद घटनास्थल से लेकर पोस्टमार्टम हाउस तक चीख-पुकार मची रही। परिजन अपनों को पहचानने की मशक्कत करते दिखे। कोई घायलों में अपनों को तलाश रहा था तो कोई मृतकों में। घायलों और मृतकों के शरीर बुरी तरह झुलसने के कारण उन्हें पहचानना मुश्किल हो गया। मृतकों में किसी का सिर तो किसी का हाथ धड़ से अलग हो गया। घायलों और मृतकों को देखकर हर कोई बदहवास हो गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के बाद जब तक मृतकों के परिजन घटनास्थल पर पहुंचते तब तक मृतकों और घायलों को अस्पताल लाया जा चुका था। 
विज्ञापन

2 of 9
पोस्टमार्टम के बाद सौंपी गईं लाशें - फोटो : अमर उजाला
अपनों को देखकर अपने ही डरे
पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे परिजन अपनों को तलाशते रहे। कई परिजन मृतकों के पास पहुंचे तो उनमें उनके परिवार का कोई नहीं था। इसके बाद पुलिसकर्मियों के बताने पर वह जिला अस्पताल में भर्ती घायलों के पास पहुंचे। काफी देर तक जिला अस्पताल में अपनों को पहचानने का सिलसिला चलता रहा। आलम यह था कि मृतकों और घायलों को देखकर अपने भी डर रहे थे, क्योंकि कई का चेहरा बुरी तरह जला हुआ था। मृतक रूमा और सर्वेश का हाथ टूट गया था। मलबा गिरने के कारण मृतकों के शरीर पर चोटों के निशान भी थे। इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुई है। 
विज्ञापन

3 of 9
बिलखते परिजन - फोटो : अमर उजाला
एनसीआर के कारोबारी कर रहे व्यापार
दिल्ली-एनसीआर और हापुड़ के लोग अमरोहा जिले में बड़ी संख्या में कारोबार करते हैं। यही वजह है कि हापुड़ के रहने वाले मोहम्मद कामरान और सैफउर रहमान अतरासी क्षेत्र में पटाखा फैक्टरी चलाते थे। मोहम्मद कामरान की फैक्टरी में 14 जून 2024 को धमाका हुआ था, जबकि सैफउर रहमान की फैक्टरी में सोमवार को विस्फोट हो गया। जानकारों की मानें तो दिल्ली-एनसीआर के लोग यहां सस्ती जमीन और कम पैसों में मजदूर मिलने की चाह में कारोबार करते हैं। उन्हें ग्रामीण इलाकों में किराए पर सस्ती जमीन मिल जाती है, जबकि मजदूरों की भी कमी नहीं रहती। इसके अलावा दिल्ली-एनसीआर के मानक पूरा करना हर किसी कारोबारी के बस का नहीं है, जबकि अमरोहा जिले के ग्रामीण इलाकों में मानकों को पूरा करने की जरूरत नहीं पड़ती, क्योंकि संबंधित अधिकारियों की मिलीभगत से भी कारोबार चलाते रहते हैं।

4 of 9
मृत महिलाएं - फोटो : अमर उजाला
पोस्टमार्टम के बाद देर रात घर पहुंचे मृतकों के शव
पटाखा फैक्टरी में जान गंवाने वाले चारों मृतक महिलाओं का पोस्टमार्टम तीन डॉक्टरों के पैनल ने किया। इस दौरान वीडियोग्राफी भी कराई गई। डीएम निधि गुप्ता वत्स और एसपी के हस्तक्षेप के बाद देर शाम तक चारों शवों का पोस्टमार्टम किया गया। इसके बाद परिजन शवों को घर ले गए और अंतिम संस्कार कर दिया। 
विज्ञापन

5 of 9
बेहोश हुई परिजन - फोटो : अमर उजाला
शवों के घर पहुंचते ही पसरा मातम
देर रात पोस्टमार्टम के बाद पहले रजबपुर निवासी शहनाज और रुखसाना के शव घर पहुंचे। रूमा और सर्वेश के शव बाद में पपसरा गांव पहुंचे। शवों के घर पहुंचते ही मातम पसर गया। चारों तरफ चीख पुकार मच गई। घटना के बाद दोनों ही गांव में चूल्हा नहीं जला। हर कोई गम में डूबा रहा। मृतक महिलाओं के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन

6 of 9
अमरोहा की पटाखा फैक्टरी में हादसा - फोटो : संवाद
दमकल अधिकारी बोले, फैक्टरी के सभी मानक पूरे
फायर स्टेशन प्रभारी कमलेश मिश्र ने बताया कि फैक्टरी की एनओसी और सभी तरह के मानक पूरे थे। फैक्टरी संचालक फायर बिग्रेड के मानकों का उल्लंघन नहीं कर रहा था। हादसा कैसे हुआ, इसमें किसी की लापरवाही रही किसी कारण से इसका खुलासा जांच में होगा।
विज्ञापन

7 of 9
अमरोहा की पटाखा फैक्टरी में हादसा - फोटो : संवाद
पटाखा फैक्टरी संचालक पर दर्ज होगी लापरवाही की रिपोर्ट 
पटाखा फैक्टरी संचालक सैफ उर रहमान के खिलाफ लापरवाही बरतने के मामले में रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। एसपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि यदि मृतक या घायलों के परिजनों में से कोई तहरीर देता है तो ठीक है, वरना पुलिस की तरफ से फैक्टरी संचालक पर लापरवाही बरतने के मामले में रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।

8 of 9
अमरोहा पखाटा फैक्टरी में हादसे के बाद गमगीन परिजन - फोटो : संवाद
भड़कने से बचा परिजनों का गुस्सा, जाम लगाने की कोशिश 
पोस्टमार्टम हाउस पर मृतक मजदूर और घायलों के परिजनों का गुस्सा भड़कने से बाल-बाल बचा। इस दौरान परिजनों ने पोस्टमार्टम हाउस के बाहर जाम लगाने की कोशिश की। 
 
विज्ञापन

9 of 9
अमरोहा पखाटा फैक्टरी में हादसे के बाद गमगीन परिजन - फोटो : संवाद
मिनट-टू-मिनट
9:00 बजे मजदूर पटाखा फैक्टरी में काम करने पहुंचे।
12:00 बजे पटाखा फैक्टरी में विस्फोट हुआ।
12:15 बजे रजबपुर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और राहत कार्य शुरू किया गया।
12:20 बजे एंबुलेंस और दमकल विभाग की टीम भी मौके पर पहुंच गईं।
12:30 बजे डीएम निधि गुप्ता वत्स और एसपी अमित कुमार आनंद फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।
12:30 बजे मृतकों के शवों को एंबुलेंस में रखकर पोस्टमार्टम हाउस पर भेजा गया।
12:58 बजे नौगांवा सादात विधानसभा सीट से विधायक समरपाल सिंह मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने जानकारी हासिल की।
1:00 बजे डीएम और एसपी जिला अस्पताल पहुंचे और घायलों का हाल-चाल लिया।
1:05 बजे पर एसपी अमित कुमार आनंद पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे और पुलिस कर्मियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
1.15 बजे मृतकों के परिजन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचना शुरू हो गए।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें