प्रयागराज में हुए सामूहिक हत्याकांड की जांच में सामने आया है कि कारोबारी वीरेंद्र के मोबाइल की आखिरी लोकेशन जीरो रोड क्षेत्र में मिली है। पुलिस मुट्ठीगंज समेत अन्य रूटों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। पड़ोसियों ने भी परिवार को लेकर बड़ा राज खोला है।
विज्ञापन
1 of 16
Prayagraj Mass Murder
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
प्रयागराज के साउथ मलाका में कारोबारी वीरेंद्र कुमार वैश्य व उनके परिवार की हत्या के मामले में पुलिस को अहम सुराग मिले हैं। वीरेंद्र का फोन उनके घर पर नहीं मिला है। जांच में उनके मोबाइल फोन की आखिरी लोकेशन जीरो रोड क्षेत्र में मिली है। एक बार फोन मुट्ठीगंज के पास स्विच ऑफ किया गया था। इस खुलासे के बाद जांच नए मोड़ पर पहुंच गई है।
पुलिस अफसरों के मुताबिक, बारीकी से तलाशी लेने के बाद घर में एक स्थान पर तीन पुराने चलन के की-पैड वाले तीन मोबाइल फोन पानी में डूबे मिले। ये फोन किसके हैं, यह पता नहीं चल सका। वीरेंद्र के मोबाइल नंबर के आधार पर लोकेशन देखी गई तो फोन घर पर नहीं मिला।
विज्ञापन
2 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर पुलिस और जमा भीड़
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
ऐसे में आशंका और मजबूत हो गई है कि वारदात के बाद आरोपी मोबाइल अपने साथ ले गए, जिससे पुलिस को घटनाक्रम से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य न मिल सकें। पुलिस अब उस रूट पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है जिस रूट पर वीरेंद्र के मोबाइल फोन की लोकेशन मिल रही है।
विज्ञापन
3 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, शवों को लेकर जाती पुलिस
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
संघर्ष के नहीं मिले निशान
शवों की स्थिति और घर के भीतर संघर्ष के स्पष्ट निशान न मिलने से पुलिस को संदेह है कि आरोपी मृतकों के परिचित थे। वीरेंद्र या घर के किसी सदस्य ने स्वयं आरोपियों को घर में प्रवेश दिया होगा।
4 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर पुलिस
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पुलिस का कहना है कि मोबाइल लोकेशन, फोरेंसिक रिपोर्ट, पोस्टमार्टम निष्कर्ष, हस्तलिपि परीक्षण और डिजिटल साक्ष्यों की जांच के बाद ही मौत के कारणों और संभावित आरोपियों के बारे में स्पष्ट रूप से कुछ कहा जा सकेगा।
विज्ञापन
5 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर पुलिस अफसर
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कर्ज और बकाये की भी बात आई सामने
स्थानीय लोगों के अनुसार, मकान पर हाउस टैक्स और वॉटर टैक्स का काफी बकाया था। इसके अलावा, वीरेंद्र कुमार वैश्य पर कर्ज होने की बात भी सामने आ रही है। पुलिस अब इस बिंदु पर जांच कर रही है कि करोड़ों रुपये की संपत्ति और लाखों रुपये मासिक किराया आने के बावजूद उनकी आर्थिक स्थिति कैसी थी।
विज्ञापन
6 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, शवों को लेकर जाती पुलिस
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इन बिंदुओं पर जांच कर रही पुलिस
करोड़ों की संपत्ति पर फोकस
वीरेंद्र कुमार वैश्य के पास करोड़ों रुपये की संपत्ति थी। साउथ मलाका स्थित मकान में दुकानें भी हैं, जिनसे हर महीने लाखों रुपये किराया आता था।
विज्ञापन
7 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर पुलिस अफसर
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
संपत्ति विवाद का एंगल
पुलिस यह पता लगा रही है कि संपत्ति के लिए परिवार या रिश्तेदारों के बीच कोई पुराना विवाद तो नहीं था। बड़े बेटे को वर्षों पहले संपत्ति से बेदखल किए जाने की बात भी जांच के दायरे में है।
8 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
लूटपाट की आशंका
हत्या के बाद घर से नकदी, जेवर या अन्य कीमती सामान बरामद हुआ है या नहीं। इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस लूट के एंगल पर भी ध्यान दे रही है।
9 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर जमा भीड़
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, बंद घर में मिले शव
प्रयागराज शहर के बीचों-बीच साउथ मलाका के सब्जी मंडी चौराहा स्थित मकान में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की सिर कुंचकर हत्या कर दी गई। मंगलवार को दुर्गंध आने पर घर का ताला तोड़ा गया तो कारोबारी वीरेंद्र कुमार वैश्य (70), पत्नी अनीता (65), बेटी मीनाक्षी (45) और बेटे अभिषेक (40) के शव अलग-अलग कमरे में खून से लथपथ पड़े मिले।
10 of 16
प्रयागराज में कारोबारी का घर और दुकानें
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
चारों के सिर पर गहरी चोट के निशान थे। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की संपत्ति के लालच में वारदात को अंजाम देने की आशंका जताई गई है। वीरेंद्र कुमार वैश्य साउथ मलाका चौराहा स्थित अपने घर में पत्नी, बेटी और बड़े बेटे के साथ रहते थे। छोटे बेटे अश्विनी को उन्होंने करीब 15 साल पहले संपत्ति से बेदखल कर दिया था।
11 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर जमा भीड़
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
हर महीने एक लाख रुपये से अधिक का आता है किराया
करीब 200 वर्ग गज के इस मकान के भूतल में 14 दुकानें हैं। इनमें 12 किरायेदार हैं। उक्त दुकानों से हर महीने एक लाख रुपये से अधिक का किराया आता है। एक दुकान अभिषेक की है। दूसरी बेटी मीनाक्षी की है। मीनाक्षी ने हाल ही में गिफ्ट गैलरी के नाम से काम शुरू किया था। इस दुकान पर बेटी के साथ वीरेंद्र भी बैठते थे। वीरेंद्र की पत्नी अनीता बीमारी की वजह से पहली मंजिल पर बने कमरे में रहती थीं।
मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी कि मकान से तेज दुर्गंध आ रही है। कोतवाली पुलिस पहुंची तो घर में ताला जड़ा हुआ था। ताला तोड़कर पुलिस ऊपर कमरे में पहुंची तो वीरेंद्र और उनकी पत्नी के शव बेड पर पड़े थे।
13 of 16
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, शवों को लेकर जाती पुलिस
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खोजबीन के दौरान बगल वाले कमरे में बेटी का शव फर्श पर पड़ा मिला। उसके सिर पर गहरे चोट के निशान थे। पुलिस ने भारी वस्तु से हमला करने की आशंका जताई है। तीनों के शव मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई। मौके पर पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार, अपर पुलिस आयुक्त डॉ. अजय पाल शर्मा, डीसीपी मनीष कुमार शांडिल्य, नीरज पांडेय समेत अन्य आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए।
14 of 16
गत्ते पर लिखा बंटी-बबली बहू ने मारा
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पूरा मकान खंगालने के बाद दुकान में मिला बेटे का शव
पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार के निर्देश पर पूरे मकान को खंगाला गया। घर के एक-एक कमरे की स्थिति समझी गई। इस दौरान तीन शव मिलने की बात ही सामने आई। चर्चा होती रही कि बेटा लापता है। इसी बीच पुलिस ने दुकान खुलवाई तो देर शाम बेटे अभिषेक का शव भी पड़ा मिला। उसके सिर पर भी गंभीर चोट के निशान थे। चेहरा काला पड़ा हुआ था। उसे पहचानना मुश्किल हो रहा था। आसपास के लोगों से पहचान कराई गई।
15 of 16
अभिषेक की फाइल फोटो
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
रविवार 12 बजे तक पड़ोसियों ने देखा
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वीरेंद्र कुमार किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करते थे। रविवार सुबह घर के बाहर उन्हें सफाई करते देखा गया था। आखिरी बार दोपहर करीब 12 बजे देखा गया। बेटा घर के बाहर घूम रहा था। इसके बाद से किसी को कुछ पता नहीं है। सोमवार व मंगलवार को गिफ्ट की दुकान नहीं खोली गई थी। दुर्गंध आई तो मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
Prayagraj Mass Murder
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
एक ही परिवार के चार लोगों की सिर कुंचकर हत्या की गई है। मामले में संपत्ति विवाद से लेकर अन्य कई पहलुओं पर जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। डॉ. अजय पाल शर्मा अपर पुलिस आयुक्त