फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Prayagraj : कारोबारी व उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की लूट के लिए की गई थी हत्या, पुलिस जल्द कर सकती है खुलासा

Wed, 03 Jun 2026 12:47 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

शहर के साउथ मलाका सामूहिक हत्याकांड मामले का खुलासा पुलिस जल्द कर सकती है। सूत्रों की मााने तो लूट के लिए कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की हत्या की गई है। मामले की जांच में जुटी पुलिस को कई अहम सुराग लगे हैं।
विज्ञापन
1 of 5
प्रयागराज में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा व बेटी की सिर कूंचकर हत्या, मौके पर पुलिस। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शहर के साउथ मलाका सामूहिक हत्याकांड मामले का खुलासा पुलिस जल्द कर सकती है। सूत्रों की मााने तो लूट के लिए कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की हत्या की गई है। मामले की जांच में जुटी पुलिस को कई अहम सुराग लगे हैं। हालांकि पुलिस ने अभी कोआधिकारिक बयान जारी नहीं किया है लेकिन माना जा रहा है को जल्द ही हत्या का खुलासा हो सकता है। जिस तरह से पूरे परिवार का सफाया किया गया है उससे यह शक गहरा गया है कि इस सामूहिक हत्याकांड को लूट के इरादे से ही अंजाम दिया गया है। बताया जा रहा है कि अभिषेक ने अपने एक दोस्त के साथ मिलकर करीब डेढ़ करोड़ के जेवरात लूटे थे। बंटवारा को लेकर दोस्त ने अभिषेक को भी मौत के घाट उतार दिया। 

कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की सिर कूंचकर हत्या

मंगलवार को शहर के बीचों-बीच साउथ मलाका चौराहा स्थित मकान में कारोबारी, उनकी पत्नी, बेटा और बेटी की सिर कूंचकर हत्या कर दी गई। दुर्गंध आने पर घर का ताला तोड़ा गया तो कारोबारी वीरेंद्र कुमार वैश्य (70), पत्नी अनीता (65), बेटी मीनाक्षी (45) और बेटे अभिषेक (40) के शव अलग-अलग कमरे में खून से लथपथ पड़े मिले। चारों के सिर पर गहरी चोट के निशान थे। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की संपत्ति के लालच में वारदात को अंजाम देने की आशंका जताई गई है।



विज्ञापन

2 of 5
साउथ मलाकार में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के बाद पहुूंची पुलिस। - फोटो : अमर उजाला।
हर माह आता था करीब एक लाख रुपये किराया

वीरेंद्र कुमार वैश्य साउथ मलाका चौराहा स्थित अपने घर में पत्नी, बेटी और बड़े बेटे के साथ रहते थे। छोटे बेटे अश्वनी को उन्होंने करीब 15 साल पहले संपत्ति से बेदखल कर दिया था। करीब 200 वर्ग गज के इस मकान के भूतल में 14 दुकानें हैं। इनमें 12 किरायेदार हैं। उक्त दुकानों से हर महीने एक लाख रुपये से अधिक का किराया आता है। एक दुकान अभिषेक की है। दूसरी बेटी मीनाक्षी की है। मीनाक्षी ने हाल ही में गिफ्ट गैलरी के नाम से काम शुरू किया था। इस दुकान पर बेटी के साथ वीरेंद्र भी बैठते थे। वीरेंद्र की पत्नी अनीता बीमारी की वजह से पहली मंजिल पर बने कमरे में रहती थीं।
विज्ञापन

3 of 5
साउथ मलाकार में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के बाद जुटी भीड़। - फोटो : अमर उजाला।
मकान में बाहर से जड़ा हुआ था ताला

मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी कि मकान से तेज दुर्गंध आ रही है। कोतवाली पुलिस पहुंची तो घर में ताला जड़ा हुआ था। ताला तोड़कर पुलिस ऊपर कमरे में पहुंची तो वीरेंद्र और उनकी पत्नी के शव बेड पर पड़े थे। खोजबीन के दौरान बगल वाले कमरे में बेटी का शव फर्श पर पड़ा मिला। उसके सिर पर गहरे चोट के निशान थे। पुलिस ने भारी वस्तु से हमला करने की आशंका जताई है। तीनों के शव मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई। मौके पर पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार, अपर पुलिस आयुक्त डॉ. अजय पाल शर्मा, डीसीपी मनीष कुमार शांडिल्य, नीरज पांडेय समेत अन्य आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए।

4 of 5
साउथ मलाकार में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के बाद शव बाहर निकालते पुलिसकर्मी। - फोटो : अमर उजाला।
पूरा मकान खंगालने के बाद दुकान में मिला बेटे का शव

पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार के निर्देश पर पूरे मकान को खंगाला गया। घर के एक-एक कमरे की स्थिति समझी गई। इस दौरान तीन शव मिलने की बात ही सामने आई। चर्चा होती रही कि बेटा लापता है। इसी बीच पुलिस ने दुकान खुलवाई तो देर शाम बेटे अभिषेक का शव भी पड़ा मिला। उसके सिर पर भी गंभीर चोट के निशान थे। चेहरा काला पड़ा हुआ था। उसे पहचानना मुश्किल हो रहा था। आसपास के लोगों से पहचान कराई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
साउथ मलाकार में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के बाद शव बाहर निकालते पुलिसकर्मी। - फोटो : अमर उजाला।
रविवार 12 बजे तक पड़ोसियों ने देखा

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वीरेंद्र कुमार किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करते थे। रविवार सुबह घर के बाहर उन्हें सफाई करते देखा गया था। आखिरी बार दोपहर करीब 12 बजे देखा गया। बेटा घर के बाहर घूम रहा था। इसके बाद से किसी को कुछ पता नहीं है। सोमवार व मंगलवार को गिफ्ट की दुकान नहीं खोली गई थी। दुर्गंध आई तो मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें