कुंभ के प्रथम मकर संक्रांति स्नान पर गंगा, यमुना, अदृश्य सरस्वती के संगम तट पर पुण्य की डुबकी लगाने के लिए सोमवार की शाम देश के कोने-कोने से आस्थावानों का रेला उमड़ पड़ा। मंगलवार की भोर में स्नान शुरू होते ही विश्व के सबसे बड़े सांस्कृतिक-आध्यात्मिक समागम के रूप में कुंभ मेला शुरू हो जाएगा।
मकर संक्रांति स्नान के लिए सुबह से ही संगम की ओर जाने वाले मार्गों पर हर तरफ श्रद्धालुओं का सैलाब हिलोरें मारने लगा। शाम तक करीब एक करोड़ से अधिक तादाद में तीर्थयात्री संगम क्षेत्र में पहुंच गए। कुंभ मेला प्रशासन ने संतों,भक्तोंं, कल्पवासियों के सहज स्नान के लिए व्यापक प्रबंध किए हैं। फाफामऊ से अरैल के बीच कड़े सुरक्षा इंतजामों में मकर संक्रांति का पहला कुंभ स्नान आरंभ होगा।