Tisra Shahi Snan
काली सड़क हो या लाल सड़क, सभी रास्तों पर रेला उमडऩे लगा। बेनी बांध के नीचे काली त्रिवणी मार्ग और अक्षयवट मार्ग पर भजनानंदियों की टोलियां डफली लेकर राम नाम के भजन में झूम रही थीं, तो दिल्ली, राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, बिहार के अलावा अन्य प्रदेशों से आए श्रद्धालुओं के समूह हाथों में लाल, हरी, नीली ध्वजाएं लिए हर हर महादेव का जयकारा लगाते आगे बढ़ रहे थे। आठ से 10 किमी तक की लंबी दूरी तय करने के बाद भी पांव लपकते हुए बढ़ते रहे। कोई दादी को संभाल रहा था तो कोई चाची, मामी को।