Naga Sadhu
महापर्व पर सबसे पहले महानिर्वाणी की डुबकी
मौनी अमावस्या के दूसरे शाही स्नान महापर्व की शुरुआत सवा छह बजे शुरू हो गई। परंपरा के मुताबिक सबसे पहले महानिर्वाणी और उनके संग अटल अखाड़े के संत, नागा संन्यासी डुबकी लगाए। सभी तकरीबन एक घंटे पहले अखाड़े की छावनी से निकलकर नियत समय पर संगम नोज पहुंचकर स्नान किया। इसके बाद निरंजनी और आनंद अखाड़े के नागा, संत, आचार्य और महामंडलेश्वर डुबकी लगाए। फिर जूना अखाड़े के साथ आवाहन, अग्नि, संन्यासिनी अखाड़ा और फिर किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर डुबकी लगाएंगी।