फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मकर संक्रांति पर अखाड़ों ने लगाई आस्था की डुबकी, तस्वीरों में देखें कुंभ में शाही स्नान की भव्यता

Wed, 16 Jan 2019 02:45 PM IST
अमित मंडल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
विज्ञापन
1 of 15
SHAHI SNAN
कुंभपर्व में मकर संक्रांति पर मंगलवार को रेती की शान अखाड़ों ने अपनी समृद्ध परंपरा और आस्था के साथ डुबकी लगाई तो यह दृश्य अद्भुत, अलौकिक होने के साथ ही अविस्मरणीय बन गया। संगम पर भोर से कई घंटे पहले ही सवेरे जैसा माहौल था, वहीं अखाड़ों की छावनी में तो रात हुई ही नहीं।

 
विज्ञापन

2 of 15
SHAHI SNAN
पर्व की पहली डुबकी लगाने को आतुर आचार्य, संत, नागा संन्यासी सभी तैयारी में ही जुटे रहे। संक्रांति पर सभी तेरहों अखाड़ों ने पुण्यार्जन के लिए अपने आराध्य, इष्टदेव, आचार्य और अन्य संतों के साथ संगम पर शाही स्नान किया। सबके लिए निश्चित समय निर्धारित था, जिसके बीच बारी-बारी से अखाड़े पहुंचते और डुबकी लगाकर लौटते रहे।
विज्ञापन

3 of 15
SHAHI SNAN
इस बीच उनकी एक झलक पाने के लिए लोग आतुर रहे। संन्यासियों के अखाड़ों ने संगम पहुंचकर सबसे पहले भालों को जल में स्नान कराया गया। फिर नागा संन्यासियों, आचार्य और महामंडलेश्वरों, संतों, श्रद्धालुओं ने हर-हर महादेव के जयकारों के साथ स्नान किया।

4 of 15
SHAHI SNAN
परंपरा के मुताबिक मुहूर्त से नियत समय पर सबसे पहले पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी भगवान कपिल, आदिगणेश और भालों के साथ आचार्य विशोकानंद भारती की अगुवाई में संगम पर पहुंचा। अन्य महामंडलेेश्वरों, संतों, श्रद्धालुओं ने भी स्नान किया। महानिर्वाणी के साथ ही अटल अखाड़ा के संतों ने भी आचार्य विश्वात्मानंद भारती की अगुवाई में पर्व पर डुबकी लगाई।
विज्ञापन

5 of 15
SHAHI SNAN
आनंद पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर बालकानंद गिरि और अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की देखरेख में पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी और आनंद अखाड़ा के महामंडलेश्वरों, संतों, आचार्यों ने स्नान किया।
विज्ञापन

6 of 15
SHAHI SNAN
जूना अखाड़े के महामंडलेश्वरों, संतों, श्रद्धालुओं ने आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि की अगुवाई में अखाड़े के देव भगवान दत्तात्रेय की पालकी के पीछे आकर स्नान किया। जूना के जुलूस में शामिल स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती, काशीसुमेरूपीठाधीश्वर स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने भी शिष्यों संग डुबकी लगाई।
विज्ञापन

7 of 15
SHAHI SNAN
जूना के साथ पंचअग्नि अखाड़ा, आवाहन अखाड़ा, माईबाड़ा के बाद पहली बार किन्नर अखाड़े ने भी आचार्य महामंडलेश्पर लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी के साथ शाही स्नान किया।

8 of 15
SHAHI SNAN
नैष्टिक ब्रह्मचारियों के श्रीपंच दशनाम अग्नि अखाड़े सहित शैव अखाड़ों के बाद बैरागियों के तीनों अखाड़ों क्रमश: निर्मोही अनी अखाड़ा, दिगंबर अनी अखाड़ा और निर्वाणी अनी अखाड़े, पंचायती अखाड़ा बड़ा उदासीन, नया उदासीन और सबसे अंत में पंचायती अखाड़ा श्रीनिर्मल के संतों ने परंपरागत शाही जुलूस के साथ संगम पहुंचकर डुबकी लगाई।

9 of 15
shahi snan
नगीने की तरह शाही स्नान में रहे नागा
संगम पर संक्रांति के पहले शाही स्नान में किसी नगीने की तरह नागा संन्यासी शामिल हुए। कांधे पर अखाड़े के देवों की पालकी और भाला निशान लेकर आगे-आगे चले नागा संन्यासियों ने अगुवाई का दायित्व संभाला तो शाही स्नान की शोभा भी बढ़ाई। उत्साह ऐसा कि छावनी से लेकर संगम में डुबकी तक वह हर-हर महादेव के जयघोष के साथ तरह-तरह के करतब दिखाते रहे।

10 of 15
shahi snan
भालों को स्नान कराने के बाद ही किसी भी संत या नागा संन्यासी ने डुबकी लगाई। उनमें सबसे पहले और जल्द से जल्द स्नान करने के लिए आतुरता रही, इसीलिए सामान्य नहीं बल्कि तकरीबन दौड़ते हुए ही जल प्रवेश किया। उनकी एक झलक पाने के लिए शाही स्नान जुलूस मार्ग के दोनों ओर बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुटे रहे। शाही स्नान में सबसे पहले उन्होंने स्नान किया और बाद एक बार फिर पूरे शरीर में भभूत लपेटकर शृंगार किया।

 

11 of 15
SHAHI SNAN
एक झलक पाने को लगी रही होड़
जूना पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि सहित कई प्रमुख संतों की एक झलक पाने के लिए श्रद्धालुओं में होड़ रही।

12 of 15
SHAHI SNAN
इसी क्रम में जगद्गुरु पंचानंद गिरि, पायलट बाबा, साध्वी निरंजन ज्योति, अमेरिका से आए स्वामी हरिश्चंद्र पुरी, स्वामी प्रणवानंद जी, महामंडलेश्वर कार्ष्णि गुरुशरणानंद, किन्नर की आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी आदि के रथ के साथ-साथ लोग चले और सेल्फी भी खिंचाई।हर कोई उनकी पालकी या उनके साथ सेल्फी लेने को उत्सुक रहा।

 

13 of 15
SHAHI SNAN
महामंडलेश्वरों संग भक्तों की टोली
शाही स्नान में आचार्यो, महामंडलेश्वरों, प्रमुख संतों का आभा मडंल भी अलग रहा। सभी के साथ शिष्यों की टोली रही जो उनका जयकारा लगाती रही। शिष्यों ने ही छत्र-चंवर, कपड़ों की व्यवस्था संभाली। जूना के जगद्गुरु पंचानंद गिरि सहित कई महामंडलेश्वरों के साथ सुरक्षा गार्ड भी लगे रहे।

14 of 15
SHAHI SNAN
जो रहे जूना के साथ
जूना के शाही स्नान में जगद्गुरु पंचानंद गिरि,महायोगी पायलट बाबा, महामंडलेश्वर श्रद्धानंद गिरि, महामंडलेश्वर चेतनानंद गिरि, महामंडलेश्वर शैलेषानंद गिरि, महामंडलेश्वर महेंद्रानंद गिरि, भगवती बाईसा महाराज, महामंडलेश्वर डॉ.उमाकांतानंद सरस्वती, महामंडलेश्वर गणेेशानंद गिरि...
विज्ञापन

15 of 15
SHAHI SNAN
अनुसूचित जाति के पहले महामंडलेश्वर कन्हैयानंद प्रमुगिरि, महामंडलेश्वर वैष्णवी आदि के अतिरिक्त संरक्षक श्रीमहंत हरिगिरि, श्रीमहंत प्रेमगिरि, श्रीमहंत नारायण  गिरि, श्रीेमहंत विद्यानंद सरस्वती, बालकगद्दी पीठाधीश्वर पृथ्वी गिरि आदि शामिल थे।


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें