यूपी बोर्ड
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एक से 10 सितंबर के बीच ऑनलाइन आवेदन में होगा संशोधन
बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि जांच के बाद स्कूल के प्रधानाचार्यों को छात्रों के विवरण में किसी प्रकार के संशोधन की आवश्यकता है तो इसके लिए वेबसाइट एक से 10 सितंबर के बीच खोली जाएगी। इस दौरान किसी नए छात्र-छात्रा का विवरण स्वीकार नहीं किया जाएगा। इस दौरान केवल संशोधन होगा।
आवेदन में गलती के लिए अभिभावक, कक्षाध्यापक जिम्मेदारयूपी बोर्ड की ओर से स्पष्ट किया गया है कि छात्र-छात्राओं के प्रमाण पत्रों, अंकपत्रों में नाम, माता-पिता का नाम, जन्म तिथि, विषय का विवरण सही हो, इसके लिए प्रत्येक छात्र के अभिभावकों, कक्षाध्यापकों, प्रधानाचार्यो को इसे देखकर प्रतिहस्ताक्षरित करके वेबसाइट पर अपलोड करना अनिवार्य होगा। छात्र-छात्राओं के नाम, माता, पिता के नाम में किसी प्रकार की गलती के लिए अभिभावक और कक्षा अध्यापक जिम्मेदार होगा। ऐसे में वह सभी विवरण की जांच के बाद ही वेबसाइट पर अपलोड करें।