ताजमहल की दक्षिण-पश्चिमी मीनार का संरक्षण कार्य शुरू कर दिया गया है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ने मडपैक थेरेपी के बाद इस मीनार से निकले पत्थरों को फिर से लगाने के लिए पाड़ बांधी है।
विज्ञापन
2 of 5
मीनार के पत्थर बदलने का काम शुरू
- फोटो : अमर उजाला
इस मीनार की ऊपरी मंजिल पर 15 सीढ़ियों के पत्थर गल चुके हैं, वहीं मीनार में लगे संगमरमर और काले पत्थर टुकड़े निकल चुके हैं। अंदर की ओर लाल पत्थर की सीढ़ियों के पूरी तरह से गल जाने के कारण इन्हें बाहर ही बनाया गया है, जिन्हें पाड़ बांधकर ऊपर सेट किया जाएगा।
विज्ञापन
3 of 5
धुंध में ताजमहल का दृश्य
- फोटो : अमर उजाला
एएसआई अधीक्षण पुरातत्वविद् वसंत कुमार स्वर्णकार ने बताया कि 25 लाख रुपये की लागत संरक्षण कार्य पर आएगी। मडपैक थेरेपी के दौरान यही एक मीनार संरक्षण से रह गई थी। एएसआई ने सबसे पहले ताज में पाड़ बांधकर संरक्षण कार्य कराया, उसके बाद पत्थरों की सफाई कराई गई थी।
4 of 5
उक्रेन के उपराष्ट्रपति ने देखा स्मारक
- फोटो : अमर उजाला
उक्रेन के उपप्रधानमंत्री ने निहारा ताज
उक्रेन के उपप्रधानमंत्री ओलेह उरुस्की ने मंगलवार की शाम को ताजमहल का दीदार किया। प्रोटोकॉल के तहत आए उक्रेन के उपप्रधानमंत्री ने दोपहर बाद 3 से 4 बजे तक ताजमहल परिसर में रहे। उनके साथ आए लोगों ने सेंट्रल टैंक और मुख्य गुंबद पर सेल्फी लीं और गाइड से पच्चीकारी व काले ताजमहल के बारे में पूछा। ओलेह उरुस्की ने रशियन में अपने क मेंट लिखे हैं।