कोरोना के खौफ पर ताजमहल का जादू ज्यादा भारी पड़ा। बुधवार की सुबह जैसे ही ताजमहल के दरवाजे आम पर्यटकों के लिए खोले गए तो दो महीने से 'संगमरमरी ख्वाब' ताजमहल के दीदार का इंतजार कर रहे सैलानी आने लगे। ब्राजील की पर्यटक मेलिशा ने 61 दिन बाद खोले गए ताजमहल में सबसे पहले प्रवेश किया। वह दो महीने से लखनऊ, ऋषिकेश, वाराणसी में रहने के बाद ताजमहल के दीदार के लिए मंगलवार शाम को ही आगरा पहुंची थी और सुनहरी आभा लिए संगमरमरी ताजमहल के दीदार की ख्वाहिश पूरी करने के लिए अलसुबह ही ताज पूर्वी गेट पर पहुंच गईं। ताज के दीदार के बाद मेलिशा ने कहा- धन्यवाद इंडिया। कोरोना संक्रमण के कारण 61 दिनों से बंद ताजमहल को बुधवार सुबह पांच बजे पर्यटकों के लिए खोल दिया गया। गौरतलब है कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के साथ वार्ता कर जिला प्रशासन ने स्मारकों पर पर्यटकों की संख्या मंगलवार को तय कर दी थी। एएसआई की टिकट तीन घंटे के लिए मान्य होगी। न केवल ताज, बल्कि आगरा किला, फतेहपुर सीकरी, अकबर का मकबरा, एत्माद्दौला स्मारक में भी 650 पर्यटकों को एक बार में प्रवेश मिल सकेगा।