राष्ट्रपति का वृंदावन आगमन स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाहर से आए श्रद्धालुओं पर भारी पड़ा। राष्ट्रपति के वृंदावन आगमन से दो घंटे पूर्व ही बैरिकेडिंग लगाकर वाहनों के प्रवेश को रोक दिया गया। लोग जहां थे, वहीं खड़े रहे। पुलिस ने शहर के अंदर रिक्शे तक नहीं चलने दिए। इसके साथ ही नगर में ट्रैफिक को रोक दिए जाने से जाम और अव्यवस्था का माहौल रहा। घरों के बाहर पुलिस तैनात कर दी, ताकि कोई बाहर न निकले सके। करीब पांच घंटे तक वृंदावन जहां का तहां रुक गया।
श्रीबांकेबिहारी मंदिर से बाहर किए दर्शनार्थी और सेवायत
राष्ट्रपति का वृंदावन आगमन श्रद्धालुओं, पर्यटकों और आमजनों के लिए काफी परेशानी वाला साबित हुआ। समूची तीर्थ नगरी सुरक्षा एहतियात के नाम पर पुलिस छावनी में तब्दील रही और चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात रहा। राष्ट्रपति के पहुंचने से लगभग दो घंटे पहले ही मंदिर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। मंदिर परिसर को पूरी तरह खाली कराकर मंदिर से श्रद्धालुओं और सेवायतों को जबरन बाहर निकाल दिया गया।