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'अपना ख्याल रखना, मैं अब बात नहीं कर पाऊंगा', एयरमैन पंकज ने पत्नी ने बोले आखिरी शब्द

Fri, 01 Mar 2019 06:02 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नौहझील (मथुरा)
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बेटे के साथ पत्नी मेघा, पति पंकज नौहवार
'रिहर्सल शुरू हो रही है। तुम लोग अपना ख्याल रखना। मैं भी अब ज्यादा बात नहीं कर पाऊंगा...।' यह वो आखिरी शब्द हैं, जो एयरमैन पंकज नौहवार ने हेलीकॉप्टर क्रैश होने से चंद घंटे पहले अपनी पत्नी से बोले थे। पति के कह इन शब्दों को याद कर मेघा फूट फूटकर रो रही है। पंकज की पत्नी मेघा से 26 फरवरी की रात को अंतिम बार बात हुई थी। अगले दिन उनकी शहादत की खबर आ गई। 
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पंकज के पार्थिव शरीर के पास रोते बिलखते परिजन
एयरमैन पंकज ने हादसे से चंद घंटे पहले अपनी पत्नी मेघा से फोन पर बात की। बेटे व अन्य परिवार का हाल जाना। इस दौरान मेघा ने पूछा कि खबरें आ रहीं हैं कि सरहद पर तनाव बना हुआ है। युद्ध हो सकता है। आप अपना ख्याल रखना है। इस पर पंकज ने कहा कि देश की रक्षा करने का मौका बड़े सौभाग्य से मिलता है। 
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रोते बिलखते पंकज के परिजन
एयरमैन पंकज ने पत्नी मेघा से कहा कि रिहर्सल शुरू हो रही है। तुम लोग अपना ख्याल रखना। मैं भी अब ज्यादा बात नहीं कर पाऊंगा। दोनों के बीच करीब 15 मिनट बात हुई। फिर यह कहकर फोन काट दिया कि अगले दिन बात करूंगा, लेकिन उनका फोन नहीं आया। इतना कहकर मेघा फूट-फूटकर रोने लगी।

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शहीद पंकज नौहवार की मां रेखा देवी
जांबाज पंकज की मां रेखा देवी के आंसू थम नहीं रहे हैं। बार बार बेटे को याद करके बिलख रहीं हैं। रोते रोते उन्होंने बताया कि पंकज जब भी छुट्टी पर आता था तो वायुसेना के बारे में ही बात करता था। पिछले दिनों कह रहा था कि सभी को सतर्क किया गया है। कभी भी कहीं के लिए बुलाया जा सकता है। लेकिन हमें क्या पता था कि हमारे लाल वहां चला जाएगा जहां से कभी वापस नहीं आएगा। मां ने कहा कि सरकार कुछ ऐसा करे जो उनकी तरह से किसी दूसरे की मैया अपने लाल के लिए इस तरह न रोए।
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शहीद पंकज के अंतिम दर्शन को उमड़े लोग
पंकज के पिता नौहबत सिंह नौहवार जो खुद सेना से रिटायर हैं। वो अपने छोटे बेटे को भी सेना में भी भेजने की बात कर रहे हैं। उनका कहना है कि सेना हमारा स्वाभिमान है। हमारी शान है। सीमाओं पर जाकर देश की सेवा करने का अवसर भाग्यशाली को ही मिलता है। मैं खुद सेना में रहा हूं। मेरा बेटा देश के लिए कुर्बान हो गया है। मैं अपने छोटे बेटे को भी सेना में भेजूंगा।
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पिता की चिता को मुखाग्नि देता मासूम बेटा - फोटो : अमर उजाला
गांव जरैलिया के पंकज नौहवार एयरफोर्स में एयरमैन टेक्निकल (नायक) के पद पर तैनात थे। श्रीनगर में वायुसेवा के एक स्पेशल ऑपरेशन के लिए उड़ान भरते वक्त हेलीकॉप्टर क्रैश होने की वजह से उनकी जान चली गई। गुरुवार को उनका पार्थिव शरीर मथुरा लाया गया। शुक्रवार को बाजना कट के पास शहीद का अंतिम संस्कार किया गया है। 
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