आगरा के डॉक्टर भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में बीएएमएस की कॉपियां बदलने की जांच कर रही एसटीएफ ने एमबीबीएस की कॉपियां बदलने का खेल भी पकड़ लिया है। रैकेट में शामिल लोगों ने फेल और कम अंक की संभावना पर एमबीबीएस छात्रों की कॉपियां बदल दीं। एसटीएफ को कॉपियों के मिलान में ऐसे कई मामले मिले हैं। ये कॉपियां निजी मेडिकल कॉलेजों की हैं। एसटीएफ इन दिनों एमबीबीएस की 5000 कॉपियों का मिलान कर रही है।
तैयार की जा रही सूची
एमबीबीएस की कॉपियों की जांच में एसटीएफ की पांच टीमें लगी हैं। हर दिन 250 से 280 कॉपियों का मिलान हो रहा है। जांच में एसटीएफ ने एमबीबीएस की कॉपियां बदलने का खेल पकड़ा है। मिलान करने पर निजी कॉलेजों के छात्रों की अलग-अलग प्रोफेशनल की कॉपियों में अलग-अलग हस्तलेख हैं। एसटीएफ ऐसे छात्र और कॉलेज की अलग से सूची बना रही है।
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